5:08 सो हे तुषार आर गॉट दिस साइड एंड वेलकम टू द गेटवे टू ग्रोथ सेशन वन। आई होप आपको मेरी आवाज क्लियर आ रही होगी। आपको मेरी वीडियो प्रॉपर्ली क्लियर दिख रही होगी एंड आप प्रॉपर्ली प्रिपयर्ड होंगे। मेंटली, फिजिकली, फुल अटेंशन में होंगे और कोई डिस्ट्रैक्शन में आप नहीं फंसने वाले। आई होप क्योंकि अगला एक घंटा आपको कंप्लीटली बुक कर लेना है मेरे साथ इस सेशन में। क्योंकि यार मैं नहीं चाहता किसी भी छोटी-मोटी डिस्ट्रैक्शन की वजह से आपके हाथ से यह अपॉर्चुनिटी निकल जाए। क्योंकि यार अटेंड बहुत सारे लोग कर रहे हैं। ये सिस्टम बहुत सारे लोग देखने वाले हैं। बट हम सेलेक्ट तो कुछ फ्यू लोगों को ही करने वाले हैं। ऑलराइट। सो यार थ्रूउ द सेशन आई विल गिव यू सम क्यूज कि आपको अब ये टास्क करना है। अब ये टास्क करना है। जिससे आपके मेंटोर को पता चलता रहे कि आप जेनुइनली सेशन को फोकस के साथ अटेंड कर रहे हो। तो
5:54 साथ-साथ जैसे ही मैं कोई टास्क बताऊं आपको फटाफट से वो टास्क कर देना है। अपने मेंटोर को भेज देना है। उसी से पता चलेगा आपके मेंटोर को कि आप सीरियसली इस सेशन को अटेंड कर रहे थे। एंड ओनली एंड ओनली देन यू विल गेट सिलेक्टेड। ऑलराइट। सो यार सेशन शुरू करने से पहले मैं चाहता हूं कि आपका ये कॉमन डाउट एकदम एक्जेक्टली क्लियर हो जाए। आपको ये डाउट ही ना रहे। बहुत सारे लोग यहां पर इस सेशन को अटेंड कर रहे हैं अलग-अलग ऐज ग्रुप से, अलग-अलग फील्ड से, अलग-अलग स्टेट से, ऑल ओवर इंडिया से। तो मैं चाहता हूं कि आपको ये चीज क्लियर हो जाए कि डजंट मैटर कि आप बीए कर रहे थे, एमबीए कर रहे थे, बीटेक कर रहे थे, बीसीए कर रहे थे, बीएससी कर रहे थे, बीकॉम कर रहे थे। डजंट मैटर यार दिस अपॉर्चुनिटी इज फॉर एवरी ह्यूमन बीइंग। आप बस 18 प्लस होने चाहिए हो और आपको कुछ नहीं करना। आपको इस बिजनेस को समझना है। हम आपको सारी चीजें सिखाएंगे स्क्रैच से। ऑल यू नीड इज
6:42 फुल अटेंशन इन दिस सेशन। मेहनत करनी होगी आपको और आप कुछ भी अचीव कर सकते हो यार। आई एम डैम श्योर। जेन्युइनली अगर आप ध्यान से इस सिस्टम को समझ लोगे अगर आप सिलेक्ट हो जाते हो तो स्काई इज द लिमिट। बाकी यार मैं पहले ही आपको बता दूं एक डिस्क्लेमर देना चाहता हूं। दिस इज़ नॉट अ जॉब अपॉर्चुनिटी। यह एक परफॉर्मेंस बेस्ड वर्क है। यह एक बिजनेस अपॉर्चुनिटी है जिसमें एज अ बिजनेस पार्टनर आप हमारे साथ वर्क कर रहे होंगे और जितनी मेहनत आप करोगे उसी बेसिस पे आपको अर्निंग मिलने वाली है। एंड दैट्स अ गुड थिंग। फिक्स्ड जॉब के चक्कर में बहुत सारे लोग अपने पोटेंशियल को गिरा लेते हैं। कोई पर्सन हो सकता है कैपेबल था 5 ₹1 लाख कमाने के मंथली बट वो पर्सन जॉब के ट्रैप में आके हो सकता है 30 40 50 हजार से ऊपर ना पहुंच पाए क्योंकि फॉर द सेक ऑफ जॉब सिक्योरिटी क्योंकि मुझे हर मंथ इनकम आएगी। राइट? सो, पहले ही मैं
7:27 आपको माइंडसेट दे देना चाहता हूं कि यार ओपन माइंड रखो क्योंकि दिस इज़ नॉट अ नॉर्मल अह जो भी Instagram, YouTube पे आपको छोटा-मोटा सेशंस वगैरह मिल जाते हैं। कोई भी आके आपको ऑनलाइन वर्क समझाने लग जाता है आजकल। दिस इज़ नॉट अ नॉर्मल अपॉर्चुनिटी। दिस इज़ अ अपॉर्चुनिटी जहां पे जेनुइनली मेरे जैसे स्टूडेंट्स ने अपनी पूरी लाइफ 360 चेंज करी है हजारों लोगों ने ऑल ओवर इंडिया से। राइट? सो, आई होप आप मेंटली प्रिपयर्ड हो चुके होंगे। चाहे आपकी गर्लफ्रेंड का फोन आ जाए, चाहे आपके बॉयफ्रेंड का फोन आ जाए कि चल मोमोज़ खाने चलते हैं। आप डिस्ट्रैक्ट नहीं होने वाले हो। और फॉर द नेक्स्ट वन ऑवर यू विल बी बुक्ड विद मी हियर इन द सेशन। सो लेट मी शेयर द स्क्रीन टू यू। और विदाउट वेस्टिंग एनी सिंगल सेकंड इस सेशन को शुरू करते हैं। जस्ट गिव मी अ सेकंड। एंड आपके स्क्रीन के सामने पीपीटी आने ही वाली
8:12 होगी। ऑलराइट। जस्ट गिव मी अ सेकंड। ऑलराइट। सो आई गेस आपको पीपीटी दिख रही होगी। भी विज़िबल होगा। मेरी वीडियो भी आपको क्लियर दिख रही होगी। आपको पीपीटी भी क्लियर दिख रही होगी। ठीक है? और जिसको भी आवाज नहीं आ रही है भाई यहां पे माइक बटन होता है। उस पे जाके ऑडियो कनेक्ट कर लो। अभी खैर मैं आगे इंस्ट्रक्शन भी देने वाला हूं। सो अगेन वेलकम टू द गेटवे टू ग्रोथ सेशन वन। एंड टुडे वी विल स्टार्ट अ जर्नी टू अंडरस्टैंड द फंडामेंटल्स ऑफ़ आवर बिज़नेस एंड हाउ यू कैन यूटिलाइज़ आवर सिस्टम ऑफ लर्निंग एंड अचीव फाइनेंसियल फ्रीडम। सरल भाषा में। भाई आज आप हमारे सिस्टम को अंडरस्टैंड कर लोगे और आपको भी समझ आ जाएगा कि जैसे हमारे साथ बाकी हजारों लोग अर्निंग शुरू कर चुके हैं, लर्निंग कर रहे हैं। बहुत सारी चीजें सीख रहे हैं, एक्सपीरियंस मिल रहा है। आप भी वो चीज कैसे कर सकते हो। लेट्स गेट स्टार्टेड। भाई बहुत सारे सरप्राइजेस होने
8:59 वाले हैं। पूरे सेशन के बीच में मैं आपको कुछ छोटे-छोटे टास्क देने वाला हूं जिससे आपको जिससे आपके मेंटोर को पता चलता रहे यार कि आप प्रॉपर्ली सीरियस होकर इस सेशन को अटेंड कर रहे हो। क्योंकि देखो बहुत सारे लोग इस सेशन को अटेंड कर रहे हैं। हजारों लोग इस सेशंस को अटेंड करेंगे। रिकॉर्डिंग्स भी देखने वाले हैं। कई लोग इस सेशन की और मल्टीपल बैचेस में हम ये सिस्टम को रन करते हैं। तो यार हम ना सबको सेलेक्ट तो कर नहीं सकते। देखो इट्स नॉट प्रैक्टिकली पॉसिबल। आपने शुरू की इंट्रोडक्शन वीडियो में भी ये जान लिया होगा क्योंकि हम हर स्टेप पे ना फिल्ट्रेशन कर रहे हैं। क्योंकि हमें चाहिए तो कुछ लिमिटेड लोग ही। हम बस ये चाहते हैं कि इन सेशंस के थ्रू हमारे हमारे पास वो लोग आ जाए जो सच में सीरियस हैं बहुत ज्यादा। मेहनत करने के लिए रेडी हैं। सीखने के लिए रेडी हैं। एंड हम सब कुछ करा देंगे उनसे। राइट? आप ग्रो कर लोगे। सो वी आर फुल ऑफ सरप्राइजिस। तो रेडी रहना भाई पूरे सेशन में एकदम अटेंशन के साथ रहना क्योंकि कभी भी मैं कुछ भी
9:46 टास्क दे सकता हूं बी रेडी। सो फॉर द मैक्सिमम बेनिफिट मैं बता चुका हूं फॉर द नेक्स्ट 60 मिनट्स आप यहां पे कंप्लीट फोकस के साथ अटेंशन के साथ रहो और कोई भी सरप्राइज़ को आपको मिस नहीं करना है। एंड तक सेशन देखना है कसम खा लो आज एंड से नो टू डिस्ट्रैक्शंस WhatsApp, Instagram, Facebook सबकी नोटिफिकेशन बंद कर देना। नहीं इन सब चीजों में पड़ना है आज आपको। और आफ्टर द सेशन आई नो आपको 100% सारी चीजें क्लियर नहीं हो सकती यार। आप भी ह्यूमन हो, मैं भी ह्यूमन हूं। मैं भी 100% चीज आपको नहीं बता सकता। ना आप 100% रिसीव कर सकते हो। तो डाउट्स विल बी ऑलवेज देयर। आपको खुले दिल से, अच्छे मन से सारे डाउट्स क्लियर कर लेने हैं। आपका मेंटोर आपको सारी चीजें क्लियर करेगा। स्टेप बाय स्टेप्स लेके चलेंगे। एंड थोड़ा सा पेशेंस आपको रखना है। दो-ती दिन लगेंगे यार। जो भी लोग इस सेशन में बैठे हैं ना यार जल्दी बताओ काम हमें। हमें इन सब चीजों में मत
10:33 बताओ। हमें फैक्ट्स मत बताओ। हमें फिगर्स मत बताओ। हमें सीधे काम दो। भाई आपको मैं अभी हाथ जोड़कर बोल रहा हूं भाई सेशन लीव कर दो। तो आई एम रियली सॉरी आपके लिए ये सेशन नहीं है। ठीक है? समझ गए? सीरियस लोग हैं अभी तक इस मीटिंग में आप। चलो आगे चलते हैं। सो यार इंपॉर्टेंट नोटिस प्लीज रीड कर लो इसको। ये लीगलिटी बहुत जरूरी है। दिस प्रेजेंटेशन इज़ फॉर इंफॉर्मेशनल एंड एजुकेशनल पर्पस ओनली। ऐसा ना हो कि आप सारे फैक्ट्स एंड फिगर्स को किसी भी तरीके से गलत तरीके से मिसइंटरप्रेट कर लो। दिस इज़ ओनली फॉर एजुकेशनल पर्पस। और दिस इज़ नॉट अ जॉब ऑफर। मैं पहले ही बता चुका हूं। यह कोई एंप्लॉयमेंट नहीं है, कॉन्ट्रैक्ट नहीं है, कोई गारंटी ऑफ़ इनकम एंड रिजल्ट्स नहीं है। क्योंकि हम कोई जादूगर नहीं है। हम कोई स्कीम स्कैम नहीं है कि हम आपको ओवर प्रॉमिस करें कि आपको 2 करोड़ आ जाएंगे 2 महीने में। ऐसा कुछ भी नहीं है। मेहनत करोगे तो सब कुछ हो जाएगा। मेहनत नहीं करोगे तो कुछ भी नहीं होगा। हम पहले ही बता के चल रहे हैं भाई। एंड योर
11:18 रिजल्ट्स विल डिपेंड एंटायरली ऑन योर एफर्ट, कंसिस्टेंसी, स्किल्स एंड टाइम इन्वेस्टेड। ठीक है भाई? क्लियर हो गया? आगे चलते हैं। तो भाई, अगर आप पार्ट टाइम इनकम सोर्स ढूंढ रहे थे, वर्क फ्रॉम होम ढूंढ रहे थे। स्पेशली वो भी अपने फोन को यूज़ करके आपके पास लैपटॉप नहीं है, तब भी चलेगा। सो यू आर एट द राइट प्लेस एट द राइट टाइम। मैं ये चीज आगे समझाऊंगा। क्यों? राइट टाइम मैंने क्यों बोला? राइट प्लेस तो आप आ चुके हो। राइट टाइम मैंने क्यों बोला? आगे मैं आपको समझाने वाला हूं। तो अगर आप भी ₹200 से कमाना शुरू करना चाहते हो और कुछ ही घंटे देके दिन में ऐसा भी नहीं यार एकद घंटे में ही काम नहीं चलता। थोड़ा सा तो एक्स्ट्रा टाइम देना पड़ेगा आपको। बट आप लाखों रुपए भी कमा सकते हो। मेहनत लगेगी। ऑब्वियसली नीचे आपको डिस्क्लेमर भी दिख ही रहा है। सो यार देखो अभी आप सोशल मीडिया यूज़ करते ही हो। आप Instagram चलाते होंगे, YouTube चलाते होंगे। ऐसा कोई भी पर्सन यहां पे नहीं होगा जो कई घंटे वेस्ट नहीं करता होगा
12:03 डेली बेसिस पे। आप देखो कि क्या मेंटल हेल्थ इश्यूज हो रहे हैं आजकल यंगस्टर्स को बाय यूजिंग सोशल मीडिया। आप देखो 84% लोग फोन चेक करते हैं अपना हर 15 मिनट में। सोचो पागल हो चुके हैं। हम ज़ॉम्बी दिमाग हो चुका है हम सबका। 31% ऑफ देयर डे इंडियंस डेडिकेट ऑन देयर स्मार्टफोनस। मैं कई बार अपने कुछ टीममेट से मिलता हूं जिन्होंने जस्ट अभी बिज़नेस स्टार्ट किया होता है। नॉर्मल लोगों से फ्रेंड से मिलता हूं। तो मैं देखता हूं 10 घंटे 12 घंटे स्क्रीन टाइम होता है। भाई हम इंसान हैं। हमें जिंदगी जीनी है। ये फोन के चक्कर में हम कब से पड़ गए भाई? जब से TikTok, Instagram, रील्स ये सब ल्च हुआ है। हम सब लोगों को रियलाइज नहीं हो रहा। बट हम बहुत ज्यादा टाइम इन सब चीजों में इन्वेस्ट कर रहे हैं। तो क्यों ना हम इन सब ये सब टाइम बचाकर एक ऐसी अपॉर्चुनिटी में टाइम लगाए, हमारे सिस्टम में टाइम लगाएं और आप उसके
12:50 थ्रू एक अर्निंग भी कर सको। राइट? व्हाई बिकम अ कंज्यूमर व्हेन यू कैन बी अ प्रोड्यूसर। राइट? आगे चलते हैं। तो भाई मेंटल हेल्थ इश्यूज वगैरह में नहीं फंसना। हम मस्ती भी करते हैं, हम मजाक भी करते हैं। हम मेहनत भी करते हैं। हम काम भी करते हैं और पैसा भी कमाते हैं। बहुत ही प्यारी फैमिली है हमारी। आपको आगे रियलाइज हो जाएगा। कॉपी पेन निकाल लो। ठीक है? अ स्मॉल पेंसिल इज़ बेटर दैन अ लॉन्ग मेमोरी। सारी चीजें आपको याद नहीं रह सकती। आफ्टर दिस मीटिंग आपके मेंटोर आपसे कुछ क्वेश्चंस भी पूछने वाले हैं। भाई आप क्वेश्चंस का आंसर नहीं दे पाए तो हमें पता चल जाएगा। आप सेशन अच्छे से नहीं देख रहे थे। तो अगर नोट्स बना के रखोगे तो आपके लिए इजी रहेगा। ठीक है? फॉर योर बेनिफिट ओनली। तो भाई तीन टाइप के लोग बैठे हैं इस सेशन में। पहला जो कैटेगरी है वो है एक्शन टेकर्स जो चीजें समझते हैं, देखते हैं और फिर एक्शन टेक करने की सोचते हैं। ऐसा नहीं कि भाई सुन लिया दूसरे कान से निकाल दिया। दूसरे टाइप के लोग यहां पे
13:37 बैठे होंगे जो लर्निंग माइंडसेट से बैठे हैं। मतलब इन तीन टाइप के लोगों के लिए ही है ये सेशन। और तीसरे टाइप के लोग होंगे जो इन्वेस्ट भी करना चाहने के लिए रेडी होंगे लर्निंग के लिए। इन्वेस्ट सिर्फ पैसा नहीं होता इन्वेस्ट टाइम भी होता है। तो इन तीन तरीके के अगर आप लोग हो तो बढ़िया है भाई। आपके लिए हमारा ये सेशन है। क्या मिलने वाला है हमारे इकोसिस्टम में? आप नेसेसरी स्किल सीखोगे पहले। पहले आप स्किल सीखोगे। बिना स्किल्स के कुछ नहीं हो सकता अर्निंग। कोई अगर बोलता है बिना सीखे आप पैसा कमा लोगे। वो पागल बना रहे हैं आपको। ऐसा नहीं हो सकता। स्किल सिखाएंगे हम आपको। राइट डायरेक्शन देंगे। आज के टाइम पे। हर पेरेंट ये चाहता है कि गलत संगत में हमारा बच्चा ना फंसे। आप भी ये चाहते हो कि मैं अच्छे लोगों के साथ उठूं बैठूं। तो आप भी पांच बड़े लोगों के साथ बैठोगे तो आप भी छठे होंगे। आपने सुना होगा। अगर आप पांच शराबियों के साथ बैठोगे तो आप भी छठे शराबी होंगे। आपने सुना
14:23 होगा। तो हमारा एनवायरमेंट बहुत मैटर करता है। एंड यहां पे आपको एक राइट डायरेक्शन मिलती है। प्लेटफार्म मिलता है। अनपैरेलल्लड मेंटोरशिप मिलती है भाई। ऐसा सपोर्ट मिलता है जितना आपको शायद अपने सगे संबंधियों से नहीं मिला होगा। इतना सपोर्ट आपको हमारी कम्युनिटी के थ्रू जरूर मिल जाने वाला है। एंड आई एम जेनुइनली सेइंग दिस फ्रॉम माय हार्ट। मजाक नहीं कर रहा। हाइप नहीं बना रहा भाई। ठीक है? आगे चलते हैं। देखो एक पहले ना मैं एक छोटी सी शॉर्ट फिल्म दिखाया करता था। बट ड्यू टू सम YouTube इशूज़ एंड ऑल मैं उस पूरी शॉर्ट फिल्म को तो नहीं दिखाता हूं बट उसके कुछ क्लिप्स आपको दिखा देता हूं। स्क्रीनशॉट्स आपको दिखा देता हूं। दैट शॉर्ट फिल्म इज हैप्पीनेस बाय स्टीव कट्स। आप YouTube लिंक मांग लेना अपने मेंटोर से। मैं दिल से चाहता हूं आप इस वीडियो को देखो क्योंकि आपको ना ऐसी चीज रियलाइज हो जाएगी कि हम एक रैट रेस का पार्ट हैं। हम
15:10 सोचते तो हैं कि हमारे पास फ्रीडम है। हम इंसान हैं। हम अपने हिसाब से चलते हैं। हमारे हमको कोई मैनपुलेट नहीं कर सकता। हम अपने हिसाब से अपनी लाइफ को जी रहे हैं। बट नहीं हम सब कहीं ना कहीं एक रैट रेस का पार्ट हैं। आप यह देख सकते हो मेट्रो कभी अगर आपने वीडियोस वगैरह देखी होंगी दिल्ली मेट्रो की राजीव गांधी स्टेशन की तो आपको ये सॉरी राजीव चौक स्टेशन की तो इसी तरीके के आपको दिखते होंगे जो सीनरी है कि कितने सारे लोग मेट्रो में फंसे जा रहे हैं, जॉब के लिए जा रहे हैं। मुंबई में, ट्रेंस में फंसे जा रहे हैं। पता नहीं कहां कौन सी जॉब के लिए जा रहे हैं ऐसा। ट्रैप में फंस चुके हैं। थोड़े बहुत पैसे के चक्कर में अपनी फ्रीडम को गवा चुके हैं। तो भाई एक बहुतेंट क्वेश्चन मैं आपसे पूछना चाहता हूं जो लोग नहीं पूछते होंगे आपसे। बहुत कम पूछते होंगे। एंड शायद इसके बारे में
15:56 डिस्कस करना भी ना कहीं ना कहीं अजीब माना जाता है हम सबकी फैमिलीज में जब हम ड्रीम्स के बारे में पूछते हैं। व्हाट ड्रीम्स डू यू हैव? आपके फ्रेंड्स ने कितनी बार आपसे पूछा होगा भाई तेरा क्या सपना है? राइट? मैं कोई बड़ी बातें नहीं करने वाला भाई आपसे कि हम आपके सारे सपने पूरे कर देंगे। बट टू लिव अ लाइफ विद फुल फ्रीडम। हमें यह पता होना चाहिए। कि हम लाइफ में चाहते क्या हैं खुद से? हमारे ड्रीम्स क्या हैं? तो भाई एक थोड़ा कांसेप्ट समझाता हूं मैं आपको ड्रीम से रिलेटेड ना। एक चीज होती है ड्रीम सर्कल। ध्यान से सुनना एकदम। ड्रीम सर्कल क्या होता है कि ये जो बड़ा आपको ब्लू कलर का सर्कल दिख रहा है ना ये मान लो आपके ड्रीम्स हैं। ठीक है? ये जो छोटा सर्कल है ये सर्कल है इनकम का। तो होना क्या चाहिए? कि भाई ड्रीम्स तो आपके बड़े हैं। इनकम अभी छोटी है। मान लेते हैं आप 30-400 कमाते हो। आपके ड्रीम्स बड़े हैं। तो होना क्या चाहिए? टाइम के साथ आपकी जो इनकम है
16:41 वो बढ़ती जानी चाहिए। कि ये इनकम वाला सर्कल बड़ा होता जाना चाहिए और धीरे-धीरे ऐसा होना चाहिए कि आपके ड्रीम सर्कल जितना आपकी इनकम सर्कल हो जाए तो आप अपने ड्रीम्स को अचीव कर पाओगे। राइट? भाई ₹00 की सैलरी से आप Lamborghini तो नहीं खरीद सकते ना। पॉसिबल तो है नहीं। तो ऑब्वियसली आपको इनकम बढ़ानी पड़ेगी अपनी ड्रीम्स को पूरा करने के लिए। बट रियलिटी में क्या होता है? क्या ये होता है रियल में? नहीं होता भाई। होता असल में ये है कि ड्रीम सर्कल तो छोटा होने लग जाता है। इनकम सर्कल जितना हो जाता है। होना क्या चाहिए था? इनकम सर्कल बड़ा होना चाहिए था और ड्रीम सर्कल जितना बड़ा होना चाहिए था। व्हाट आई एम मीइंग टू से इज कंफ्यूज होने की नीड नहीं है। आपको अपने ड्रीम्स के हिसाब से अपनी इनकम बढ़ानी चाहिए ना कि धीरे-धीरे बड़े होते होते मैच्योर होते-होते जिसको हम मैच्योरिटी भी कह देते हैं कि ये तो बच्चा बुद्धि है। ये तो बच्चों की तरह सपने देखता है। रियलिटी में आओ। ये सब चीजें पॉसिबल नहीं है। रियलिटी
17:28 प्रैक्टिकिटी में देखो। ये सब बड़े-बड़े सपने देखने से कुछ नहीं होगा। प्रैक्टिकिटी में जियो। जितनी चद्दर है उतना ही पैर पसारो। ये सब सुना होगा आपने। राइट? तो यही होता है हमारी सोसाइटी में। हमारे आसपास हमारे रिश्तेदार। कई बार हमारे पेरेंट्स भी हमें ये सब चीजें बोल देते हैं और हम धीरे-धीरे बड़े होते 18 साल का बच्चा 16 साल का बच्चा धीरे-धीरे 25 साल का होते-होते उसके सारे ड्रीम्स तबाह हो जाते हैं। वो सिर्फ ये सोचता है ये ₹400 में मैं जितना कर सकता हूं उतना ही करूंगा। होता है ऐसा होता है ना? सच बोल रहा हूं मैं। होता है भाई आपको भी पता है। ये मैं होने नहीं दूंगा आपके साथ। अगर आप सारी चीजें स्टेप बाय स्टेप कर लेते हो। मेरा गोल यही है भाई। सच बता रहा हूं दिल से। मेरा गोल यही है कि लोगों को अपना ड्रीम सर्कल छोटा ना करना पड़े। वो अपना इनकम सर्कल बड़ा कर पाएं। इसी रीजन से हमने ये कम्युनिटी शुरू करी थी। इसी रीजन से हम दिल से पैशनेट हैं लोगों की हेल्प करने के लिए। आगे चलते हैं। तो भाई थोड़ा
18:16 अपने बारे में बता देता हूं। तुषार गौर साइड नाम तो आप सुन ही चुके होंगे बहुत बार। बट मेरी शायद स्टोरी नहीं आपको पता होगी। देखो अगर आप मेरी मेरे थ्रू कुछ भी नॉलेज लेना चाहते हो, मेरी बात की कोई क्रेडिबिलिटी जानना चाहते हो तो आपको यह पता होना चाहिए जो यह बातें बोल रहा है पर्सन उसकी खुद की क्या अचीवमेंट्स है। उसने खुद क्या उखाड़ा है? आपके दिमाग में क्वेश्चन आ रहा होगा ना कि भाई तेरी क्यों सुनूं भाई तूने क्या करा है? मेरे दिमाग में भी ऐसा ही आया था जब मैं आपकी तरह ही सिस्टम को समझ रहा था। तो मैं थोड़ा सा शॉर्ट में अपनी छोटी सी स्टोरी सुनाना चाहता हूं क्योंकि उसी के बाद आपको मेरी बात माननी चाहिए नहीं तो नहीं माननी चाहिए। राइट? तो हु एम आई? भाई मैंने 12th पास आउट के बाद एक साल ड्रॉप लिया था। मैं साइंस फील्ड से था और मैंने एक साल ड्रॉप लिया था जेईई मेंस के लिए प्रिपेयर करने के लिए। आप देख सकते हो स्क्रीन में पीछे पीरियडिक टेबल लगा हुआ है। आयरन मैन का
19:01 मैंने पोस्टर लगा हुआ है। मैं एकदम चश्मे वाला पर्सन जो पढ़ता रहता है। है ना? 12th में मेरे 92% आए थे। पढ़ने लिखने वाला बच्चा था मैं। राइट? तो बहुत मैंने मेहनत करी। एक साल ड्रॉप भी लिया जेईई मेंस के लिए जिससे मुझे एक अच्छा बीटेक का कॉलेज मिल सके। इंजीनियरिंग कॉलेज मिल सके। और मेरे को मिला भी दिल्ली का टॉप फाइव कॉलेज यूएसआईसीटी जीजीएस आईपी यूनिवर्सिटी है। उसका कॉलेज है टॉप मेन कैंपस। उसमें मेरा एडमिशन हुआ। आप फोटो भी देख सकते हो। मैंने वहां एडमिशन लिया। पढ़ाई करना शुरू करा। है ना? बहुत सारी चीजें मैंने करना शुरू कर दिया। मैं बहुत एक्साइटेड था शुरू से ही कि मैं इंजीनियरिंग कॉलेज में जाऊंगा, रोबो वॉर्स में पार्ट लूंगा, है ना? नई-नई चीजें क्रिएट करूंगा, 3D प्रिंटिंग करूंगा। राइट? ये सब चीजों का मुझे बहुत शौक था। बट आई रियलाइज्ड कॉलेज में ये सब चीजें नहीं होती हैं। दूर से बहुत अच्छा दिखता है। अंदर आप जाओगे कॉलेज
19:46 में तो रियलाइज़ करोगे कि भाई वो स्कूल जैसा ही है। बस घर के कपड़े पहन के जा सकते हैं। एग्जाम्स उतने ही होते हैं। बोरिंग पढ़ाई उतनी ही होती है। और रियल में कुछ इंजीनियरिंग नहीं सीख रहे होते। आप इंजीनियरिंग कॉलेज में। इंजीनियरिंग के अलावा सब कुछ सीख रहे होते हो। तो मैंने सोचा मैं खुद से इन सब चीजों में इन्वॉल्व होऊंगा। मैंने बहुत सारे फेस्ट होते हैं। बहुत सारी सोसाइटीज होती हैं कॉलेज में उनमें पार्ट लिया। आई वास द मोस्ट एक्टिव पर्सन इन दीस काइंड ऑफ थिंग्स। मैंने 3D प्रिंटिंग स्टॉल लगाई। आप राइट हैंड साइड ऊपर देख सकते हो। आपको शायद पता भी नहीं होगा 3D प्रिंटिंग क्या होती है। रोबोटो वॉर्स में पार्ट लिया। आई वाज़ अ वेरी टेक्निकल स्टूडेंट। YouTube से मैं सीखता रहता था। पढ़ता रहता था। राइट? मैं आयरन मैन का बहुत बड़ा फैन था। ये देखो मैंने आयरन मैन का हाथ भी बनाया था कार्डबोर्ड से। उसका हार्ट बना रहा हूं। कभी कुछ कर रहा हूं। है ना? रॉकेट साइंस से मेरा बहुत ज्यादा इंटरेस्ट था। मैं बहुत ज्यादा साइंटिफिक टाइप का पर्सन था। रॉकेट साइंस पढ़ने लगा भाई मैं फर्स्ट ईयर ऑफ कॉलेज
20:32 में जो सबसे टफ चीज बोली जाती है रॉकेट साइंस राइट पेपर से रॉकेट्स के मॉडल बनाना बनाने लगा मैं राइट और मेरा डेस्क कुछ इस तरीके से दिखा करता था तो आपको समझ आ गया होगा मैं किस टाइप का बच्चा था मैं गीक था पूरा राइट फिर मैंने अपनी लाइफ का बेस्ट डिसीजन लिया भाई मैंने बुक्स पढ़ना शुरू कर दिया मैं क्यूरियस हुआ कि यार बड़े लोग क्या कर रहे हैं ये जो मेरे बड़े-बड़े आइडल्स हैं ईलॉन मस्क जैसे लोग स्टीव जॉब्स जैसे लोग बिल गेट्स जैसे लोग ये सब लोग क्या कर रहे हैं चाणक्य नीति क्या होती है राइट मैंने मैंने बहुत सारी एंटरपनोरियल बुक्स पढ़ना शुरू कर दिया। YouTube वीडियोस देखना शुरू कर दिया। उसके बाद मेरा माइंड हो गया ओपन। माइंड खुल गया मेरा और मैंने डिसाइड कर लिया कि मैं जॉब्स के चक्कर में नहीं पढूंगा। मैंने कसम खा ली कि मैं जीवन में कभी जॉब नहीं करूंगा। जॉब को बोलते हैं हिंदी में नौकरी और नौकरी कौन करता है? नौकर। यह मुझे चीज
21:18 रियलाइज हो चुकी थी। आई डोंट वांट टू बी अ स्लेव टू एनीवन। हमारा एजुकेशन सिस्टम भाई आप यह चीज समझना बहुत ध्यान से। हमें यह नॉर्मलाइज कर चुका है, आदत डलवा चुका है कि नौकरी अच्छी चीज होती है कि नौकरी इज द ओनली गोल आफ्टर एजुकेशन। हमारा एजुकेशन सिस्टम ये बहुत अच्छे से कर चुका है। अंग्रेज लोग आए हमारा एजुकेशन सिस्टम तबाह करा और हमें स्लेव मेंटालिटी देकर चले गए। इसलिए उन्होंने इतने साल राज करा हमारे देश के ऊपर। बट नो लगर। अब नहीं होने देंगे भाई। हमें वापस से यूथ को रियलाइज कराना पड़ेगा कि जॉब इज नॉट द ओनली वे एन एंटरप्रेनोरियल जर्नी इज द वे। हम सबको अपना कुछ ना कुछ काम शुरू करना पड़ेगा जिससे अपॉर्चुनिटीज बढ़े और हम यार इस सरकारी जॉब, सरकारी नौकरी और ये सब छोटी-मोटी जॉब के चक्कर से हम बाहर निकलें एंड क्रिएट द वर्ल्ड्स लार्जेस्ट इकॉनमी।
22:05 सोने की चिड़िया बोलते थे इंडिया को पहले। राइट? वी हैव टू डू दैट। तो मैंने ये सब चीजें करी भाई। थोड़ा मैं भावनाओं में बह जाता हूं। तो मैं देखो बैड मोबाइल बना रहा हूं। रिमोट कंट्रोल कार बना रहा हूं। हां। फिर थोड़ा जल्दी स्किप हो गया। फिर जैसे आप ये अपॉर्चुनिटी को समझ रहे हो। मैंने समझी। मैंने बिजनेस को शुरू करा। छोटी-छोटी अचीवमेंट्स करना शुरू कर दिया। सबके सपने होते हैं ना कि यार मेरा MacBook हो, मेरा iPhone हो। ये सब चीजें मैंने खरीदना शुरू कर दिया। मैंने अपनी बाइक खरीद ली। राइट? छोटी-मोटी मेरी सक्सेस होना शुरू हो गया। शॉर्ट टर्म जो गोल्स होते हैं मेरा पूरा होने लग गए थे। 22 साल की उम्र में मैंने अपनी पहली कार परचेस करी Hyundai Verna जो कि मैं देखता था यार कि मुझे बहुत अच्छी लगती थी ये कार। तो मैंने सेकंड हैंड परचेस करी। बट एक 22 साल के लड़के के लिए वो गाड़ी परचेस करना भी एक ड्रीम था यार। सो आई डीड दैट। मैंने अपना सपना पूरा करा, ट्रैवल करना
22:52 शुरू करा। मैंने खुद का स्टूडियो ओपन करा, ऑफिस भी ओपन करा। अपनी टीम के लिए ऑफिस ओपन करा। और फिर मैंने अपनी सेकंड कार ब्रांड न्यू Tata Safari परचेस करी फॉर माय फैमिली जिससे मैं अपनी फैमिली के साथ सेवन सीटर गाड़ी ली। मैंने एसयूवी ली। मेरा सपना था यार बचपन से कि एक बड़ी गाड़ी हो घर में कि गाड़ी से उतरें, तो मेरे मम्मी पापा जब गांव जाएं, तो उनको लगे यार कि मेरे लड़के ने कुछ कर लिया है। तो, एक मिडिल क्लास बच्चे का सपना होता है ना कि एक बड़ी कलर ब्लैक कलर की गाड़ी हो। राइट? तो, वह मैंने अपना सपना पूरा कर लिया था एट द एज ऑफ़ 23 एंड आई फील वैरी लकी यार कि यह सब चीजें मैं कर पाया। बट यार आपको मैं बता दूं इन सब चीजों से आप ना अट्रैक्ट मत होना। मतलब मैं आपको चमकाना नहीं चाहता ये सब चीजें कि मैंने यह कर लिया, वो कर लिया। इसलिए आप मेरी बात मानो। आई जस्ट वांट टू टेल यू माय
23:38 स्टोरी जिससे आपको एक पता चल सके मेरे अह कि इस पर्सन की बात आपको क्यों सुननी है। राइट? आई हैव डन समथिंग इन लाइफ। दैट्स व्हाई यू शुड लिसेन टू मी काइंड ऑफ। तो उसके बाद क्या होता है? ये सब चीजें मैंने करी। उसके बाद एक बच्चे का सपना क्या होता है कि यार इंटरनेशनल ट्रैवल करना है। कभी फ्लाइट में नहीं बैठे। मैं जीवन में कभी गोवा भी नहीं गया था। मैं कभी फ्लाइट में नहीं बैठा था। सीधे मैं फ्लाइट में बैठा तो इंटरनेशनल फ्लाइट पे और सीधे मैं गया साउथ अफ्रीका। राइट? जोसबर्ग केपटाउन मैंने सीधे समुंदर देखा तो केपटाउन में देखा। राइट? सो आई वाज़ लकी इनफ टू एक्सपीरियंस दैट। मेहनत लगती है भाई। सब नहीं कर पाते। ये मैं आपको पहले ही बताता हूं। मेहनत लगती है। बट मेहनत करने वाला ये सब चीजें कर सकता है। सेकंड ट्रिप मेरी इंटरनेशनल हुई। इंडोनेशिया बाली घूम के मैं आया। थाईलैंड गया। फिर मैं पटाया घूम के आया। फिर मैं दुबई गया। फिर वहां पे
24:23 स्पोर्ट्स कार भी मैंने चलाई। इंटरनेशनल ड्राइविंग लाइसेंस मैंने लिया। और यार ये ना एक यंग कॉलेज स्टूडेंट का ना ये सपना होता है। एंड देन आई रियलाइज्ड कि आफ्टर फ्यू इयर्स ऑफ हार्ड वर्क। मैं वो ड्रीम लाइफ जी रहा हूं यार जो एक हर बच्चे की होती है। तो कहीं ना कहीं एक लाइफस्टाइल मैं इंप्रूव कर पाया जो Instagram पे मैं लोगों को देखता था करते हुए वो चीज मैं कर पाया। बट अभी भी लगता है यार अब मैं 25 का हो चुका हूं कि और भी कुछ करा जा सकता था इसलिए हम आज भी मेहनत करते रहते हैं। और अब खुशी मिलती है हमें अपने टीममेट्स को ग्रो कराने में। राइट? आपके स्क्रीन के सामने आपको जो ये दिख रही है पीपीटी इसमें ये मैं ही खड़ा हूं। मेरी लाइफ की मुझे लगता है सबसे बड़ी अचीवमेंट यही है कि मैं इंडिया को रिप्रेजेंट कर पाया इन फ्रंट ऑफ पीपल जो ऑल ओवर द वर्ल्ड से वहां पे बैठे थे वो सारे बिजनेस ओनर्स थे मेरी उम्र जितना तो उनको एक्सपीरियंस था बिज़नेस का
25:10 और उनके सामने जाके मैं इंडिया को रिप्रेजेंट कर पाया ग्लोबल स्टेज पे थाईलैंड में और उनको बताया मैंने कि डिजिटली हम कैसे बिज़नेस ग्रो करते हैं। यार एक दिल्ली में रहने वाला लड़का कॉलेज स्टूडेंट कहां से कहां पहुंच गया बिकॉज़ ऑफ अ गुड अपॉर्चुनिटी एंड हार्ड वर्क राइट सो यू कैन आल्सो डू दैट ये फोटोस मैं कभी कबभार अकेले बैठकर भी देखता हूं टू रियलाइज कि यार मैंने कुछ तो कर लिया है यार आई हैव डन समथिंग इन लाइफ दिस गिव्स मी अ लॉट ऑफ़ मोटिवेशन राइट देखो बहुत सारे लोग आएंगे इंटरनेट पे आपको बोलेंगे हमने हजारों लोगों को हेल्प करी है अपॉर्चुनिटी प्रोवाइड करी है बट उनके पास कोई प्रूफ नहीं होता हवा में चल रही होती है बातें बट मैंने क्योंकि मैं हर चीज ट्रांसपेरेंट रखना चाहता हूं आपके सामने में प्रूफ मैंने डाला हुआ है। यह मेरा YouTube चैनल मैंने खोला। पुराना स्क्रीनशॉट आया। इनफैक्ट यह तो अब तो और भी ज्यादा नंबर्स हो चुके होंगे। आप व्यूज देखो। हमारे ये
25:56 जो सेशन आप जैसे ये सेशन देख रहे हो ये बहुत सालों से मैं सेशंस कर रहा हूं। मेरे सब्सक्राइबर 1 लाख प्लस भी हो चुके हैं। मुझे सिल्वर प्ले बटन मिल चुका है। ऑलदो मैंने पब्लिकली ज्यादा वीडियोस अपलोड नहीं करी हैं। बट बिकॉज़ ऑफ माय लाइव सेशंस, बिकॉज़ ऑफ़ माय पर्सनल ट्रेनिंग्स ये सब चीजें मैं कर पाया। लिटरली हजारों लाखों लोगों को हम प्लेटफार्म प्रोवाइड कर चुके हैं। ट्रेनिंग्स दे चुका हूं। हेल्प कर चुका हूं। पैसे कमा चुका हूं। तो भाई मेरे लिए एक बहुत बड़ी बात थी टू मेक मनी ऑनलाइन। आपके लिए यह फ्यूचर नहीं है। यह प्रेजेंट है। इट्स नाउ योर टाइम टू शाइन। 2020 में मैं ऐसा दिखता था 2026 में मेरी लाइफ कंप्लीटली चेंज हो गई इन विद इन सिक्स इयर्स। तो मैं आपको कोई बड़े वादे नहीं कर रहा कि अगले 6 मंथ में आप यह सब कर दोगे। इट विल टेक टाइम बट इट विल बी वर्थ इट। राइट? सो भाई हमारे पेरेंट्स ने ना बहुत पैसा हमारे ऊपर इन्वेस्ट करा है।
26:43 बहुत पैसा इन्वेस्ट करा है। बहुत खून पसीने की मेहनत करी है। बट आपको दिल से लगता है कि उतनी वैल्यू उनको मिल पाई। एजुकेशन हमारी सच में उतनी लेवल पर हेल्प कर पाई। नहीं। राइट? क्योंकि हमारे पेरेंट्स को तो एक ही चीज पता थी कि भाई हम अपने बच्चों को पढ़ा लिखा देंगे, पैसा खर्च कर देंगे। चाहे लोन पर हमें पढ़ाना लिखाना पड़े, चाहे हमें अपने ज्वेलरी को गिरवी रखना पड़े, हम अपने बच्चे को अच्छी एजुकेशन देंगे। बट उसके बाद भी क्या मिला आपको? जॉब्स भी अवेलेबल नहीं है करंट सिनेरियो जान लो। द मोर एजुकेटेड यू आर मोर लाइकली यू आर टू बी जॉबलेस। जितनी ज्यादा आप डिग्री लेते जाओगे उतनी कम जॉब अपॉर्चुनिटीज है आपके लिए। ये सच बोल रहा हूं भाई। मैं चेक कर लेना डाटा जाके। पुअर रिच एंड पुअर डिवाइड बढ़ता जा रहा है इंडिया में। राइट? सोचो आईआईटी सब जाना चाहते हैं। जो भी इंजीनियरिंग कॉलेज या इंजीनियरिंग कर रहा है वो सब चाहते हैं।
27:29 आईआईटी बॉम्बे जाऊं। आईआईटी दिल्ली जाऊं। वन आउट ऑफ थ्री कोई जॉब ही नहीं मिलती। मैं आपको एक फन फैक्ट बताता हूं। हूं। मैं बचपन से आईआईटी में रहा हूं। मेरे फादर आईआईटी में काम करते हैं। माय सिस्टर इज अ साइंटिस्ट। जेनुइनली माय सिस्टर इज़ अ साइंटिस्ट। मेरे फादर आईआईटी में काम करते हैं। ही इज़ अ प्रोजेक्ट साइंटिस्ट आल्सो। मेरा बहुत एजुकेशनल बैकग्राउंड रहा है। तो मैं इन सब एनवायरमेंट में बहुत रहता था। मेरे अंकल वगैरह लोग सब पीएचडी वगैरह करते थे। तो मुझे लगता था यही है। अब नेक्स्ट स्टेप। यही करना होगा। पढ़ाई लिखाई करो, सब कुछ करो। देन मुझे रियलाइज़ हुआ कि भाई पढ़ि लिखकर लाइफ कोई रेनबो एंड यूनिकॉर्न नहीं हो जाती। मैजिकल लाइफ नहीं हो जाती। बहुत स्ट्रगल है उसके बाद भी। और जैसे-जैसे टाइम बीतता जा रहा है, एआई आता जा रहा है, जॉब अपॉर्चुनिटीज बहुत कम है और बहुत मजदूरी करनी पड़ती है, घिसना पड़ता है। यूएसए पीएचडी पोस्ट डॉग करने के बाद भी
28:15 इंडिया में अच्छी जॉब नहीं मिल पाती भाई। पसंद की जॉब नहीं मिल पाती। तो सिचुएशन सच में बहुत खराब है। कई बार हम अपनी दुनिया में गायब होते हैं। हम बच्चे हैं। 18-20 साल के लोग यहां पे मोस्टली बैठे हुए हैं। हम अपनी दुनिया में व्यस्त होते हैं। जो हमारे दोस्त कर रहे हैं करने लग जाते हैं। जो हमारे टीचर्स ने बोला करने लग जाते हैं। Instagram चलाया, YouTube चलाया मौज ली। बट देखते ही देखते टाइम निकल जाता है और तब तक हमें रियलाइज होता है शिट हम ये क्या कर चुके हैं। आप सामने देखो एआई स्टीलिंग जॉब्स 90% डिक्लाइन हो चुका है जॉब पोस्टिंग्स में बड़ी-बड़ी कंपनीज़ हाथ खड़े कर चुकी है। ले ओवर्स कर रही है। राइट? आपको पता होना चाहिए। तो एक मैं आपको मॉडल बता देता हूं। ईएसबीआई मॉडल क्या होता है ये? लीगल वेज़ ओनली चार हैं दुनिया में पैसे कमाने के। मतलब चोरी डकैती साइड में रख के। चार लीगल वेज़ हैं पैसा कमाने की दुनिया में। सिर्फ वो क्या
29:01 है? आप एंप्लॉय बन सकते हो, एक नौकरी कर सकते हो या फिर एक सेल्फ एंप्लॉयड बन सकते हो कि आपने खुद का छोटा सा धंधा शुरू कर लिया। छोटी सी दुकान खोल ली। आपका कोई बॉस नहीं है। राइट? या फिर आप एक बिजनेस ओनर बन सकते हो। जैसे हम आपको बिजनेस ओनर बना सकते हैं अभी। या फिर आप एक इन्वेस्टर बन सकते हो। अब इन्वेस्टर आप तभी बन सकते हो जब आपके पास बहुत सारा पैसा हो। राइट? तो एंप्लॉय क्या करता है? अपना टाइम सेल करता है। राइट? टाइम के बदले आपको पैसा मिलता है। सेल्फ एंप्लॉयड भी सिमिलरली करता है। बट उस टाइम के बदले थोड़ा सा ज्यादा पैसा कमा पाता है। बिज़नेस ओनर क्या करता है? एक टीम क्रिएट करता है। टीम को भी एंप्लॉयमेंट देता है। उनको भी सैलरी देता है। उनको भी पैसा कमा पाता है। बट उनके टाइम के थ्रू वो खुद भी बहुत ज्यादा पैसा कमा पाता है। वो एक कांसेप्ट यूज़ करता है टाइम लेवरेजिंग जिसके ऊपर मैं आगे आपको बताने वाला हूं। बहुत अमेजिंग कांसेप्ट है। स्कूल में कभी नहीं पढ़ाया। कॉलेज में
29:47 कोई नहीं पढ़ाएगा। कोई नहीं पढ़ाएगा इस चीज को। मैं आपको बताऊंगा पहली बार। अगर थोड़े बहुत अब आप अवेयर थे तो अच्छी बात है। इन्वेस्टर आपको पता ही है पैसा इन्वेस्ट करके और इन्वेस्ट करते हैं और पैसा कमाते हैं। तो जो लेफ्ट हैंड साइड आपको दिख रहा है ना एंप्लॉय और सेल्फ एंप्लॉयड। राइट? एक बहुत अमेजिंग फैक्ट बताता हूं। लेफ्ट हैंड साइड एंप्लॉय और सेल्फ एंप्लॉयड आपको दिख रहे हैं। राइट हैंड साइड बिजनेस ओनर्स और इन्वेस्टर दिख रहे हैं। 95% पापुलेशन लेफ्ट साइड लेफ्ट हैंड साइड है। जॉब वाली है। और 5% पापुलेशन सिर्फ राइट हैंड साइड है जो बिज़नेस ओनर्स और इन्वेस्टर हैं। ये कोई फन फैक्ट नहीं है। फन फैक्ट ये है। उस 95% पापुलेशन के पास सिर्फ 5% पैसा है दुनिया का और उस 5% पॉपुलेशन के पास दुनिया का 95% पैसा है। आप डिस्पैेरिटी देख रहे हो। आप डिफरेंस देख रहे हो। इसलिए कई बार हम
30:33 लोगों को लगता है कि गरीब गरीब होते जा रहे हैं। अमीर अमीर होते जा रहे हैं। और यह सच्चाई है भाई सच में। इनफैक्ट यह 5% भी नहीं होगा। मेरे हिसाब से अब रीसेंट डाटा तो सच में 99% निकलेगा और 1% वेल्थ होगी 99% लोगों के पास। बट आप चेक कर सकते हो खुद देखना। राइट? तो आपको कौन सी साइड जाना है मुझे बताओ जरा। 95% पॉपुलेशन का पार्ट बनना है या फिर ये 5% पॉपुलेशन का पार्ट बनना है। आई नो अगर आप में थोड़ा सा भी दिमाग है। आप थोड़े से भी मैच्योर हो। आप ध्यान से इस सेशन को देख रहे हो तो आप राइट हैंड साइड ही चूज़ करने वाले हो। आपको भी बिज़नेस ओनर या इन्वेस्टर ही बनने का मन होगा। बट कैसे बनोगे भाई? करोड़ों रुपए हैं इन्वेस्ट करने के लिए बिज़नेस स्टार्ट करने के लिए। करोड़ों रुपए लगते हैं। नहीं लगेंगे। दिस इज द बेस्ट थिंग अबाउट आवर अपॉर्चुनिटी। मैं भी एक बिज़नेस ओनर हूं। मैंने तो करोड़ों रुपए नहीं लगाए भाई। आज मैं लेकिन एक करोड़ रुपए कमा चुका हूं
31:18 पिछले 5 से छ साल के करियर में। राइट? सो आगे चलते हैं। सीक्रेट सॉस क्या है? टाइम लेवरेजिंग। टाइम लेवरेजिंग का आपको कांसेप्ट समझाता हूं। बहुत अमेजिंग कांसेप्ट है। आपको जानकर मजा आ जाएगा। तो लेट मी शेयर द स्क्रीन ऑफ माय आईपैड और आपको उसमें मैं क्लियर करूंगा कि क्या होता है टाइम लेवेजिंग का कांसेप्ट। राइट? जस्ट गिव मी अ सेकंड। आई होप आपको आई होप आपको स्क्रीन विज़िबल होगी। राइट? एंड मैं आपको कांसेप्ट समझाना शुरू करता हूं। राइट? जल्दी से बता रहा हूं। ध्यान से सुनना। आप भी लिखते जाओ जिससे आपको समझ आ जाए। राइट? मान लेते हैं ये आप हो। अ सॉरी। हां। ओके। यह आप हो। ऑलराइट। आपने क्या करा? आपको पैसे कमाने थे। तो आपने दिमाग लगाया। आपने सोचा कि मेरे पास स्किल्स हैं। मैं सब सीख चुका हूं। अब मैं ना किसी भी कंपनी का जाके टर्नओवर इनक्रीस
32:05 कर सकता हूं। मान लेते हैं एक कंपनी है। राइट? बहुत बड़ी सी बिल्डिंग है। आप उसके पास जाते हो और बोलते हो कि भाई मैं तुम्हारे लिए क्या करूंगा? मैं तुम्हारे बिजनेस को ग्रो कराऊंगा। ठीक है? मैं आपके टर्नओवर को ग्रो करूंगा। आपकी सेल्स को बढ़ाऊंगा। आप मुझे क्या कमीशंस दोगे? तो कंपनी बोलती है बिल्कुल भाई। हम तो चाहते हैं कोई ना कोई ऐसा बंदा हमें मिल जाए जो हमारे लिए हमारा बिज़नेस बढ़ा दे। हम उसको पैसे दे देंगे। तो मान लेते हैं आप 4 घंटे 4 घंटे आपने इन्वेस्ट करे और आपको मिलते हैं उसके बदले ₹10,000। ठीक है? ₹10,000 आपको मिलते हैं। ठीक है भाई आप खुश कि भाई चलो ठीक है? 4 घंटे में मैं काम कर रहा हूं। ₹10,000 कमा रहा हूं। बट कुछ दिन बाद तो ₹10,000 में काम नहीं चलेगा आपका। तो आप क्या सोचो कि अब मुझे कमाना है ₹20,000 तो सिंपल कैलकुलेशंस के हिसाब से मुझे डबल काम करना पड़ेगा। राइट? 2x काम करना पड़ेगा। 8 घंटे काम कर लूंगा।
32:50 कोई बात नहीं ₹00 कमाऊंगा। राइट? चलो हम इस एग्जांपल को थोड़ा और प्रैक्टिकल कर लेते हैं जिससे आपको ये ना लगे यार ये तो बहुत कम इनकम बता दिया आपने। राइट? चलो ठीक है। ये तो एग्री करते हो। भाई लोग कॉल सेंट्रस में 8आ 1010 घंटे काम करके ₹15,000 कमाते हैं। मैं तो बोल रहा हूं चलो आप 4 घंटे कम काम करते हो। सिर्फ ₹15,000 कमाते हो। आपने 8 घंटे काम करा। आपने ₹00 कमाया। रियलिटी बिल्कुल ऐसी है। रियल लाइफ में भी ऐसे ही होता है। ओके। ₹00 भी कुछ दिन बाद कम लगने लगेंगे। काम चल जाएगा उसमें। नहीं। तो आपको क्या लगता है? अब कैसे आप ₹60,000 कमा सकते हो? तो कैसे आप और ज्यादा पैसे कमा सकते हो? आपने क्या करा? प्रैक्टिकली पॉसिबल भी नहीं है वैसे ये चीज। बट यूएस में वगैरह करते हैं कई लोग। दो-दो जॉब में काम करते हैं। आपको पता होगा। राइट? तो आपने 12 घंटे काम करना शुरू कर दिया। तो इसका मतलब क्या हुआ? आप ₹45,000 कमाने लग गए।
33:37 ₹45,000 कमाने लग गए आप। ओके। बढ़िया है। अच्छा और क्या करोगे अब? यह भी कम पड़ेंगे ना कुछ दिन बाद। अब क्या करोगे भाई? आ गई कैपिंग। हो गया ना कि अब इससे ज्यादा कमा नहीं सकते। इससे ज्यादा टाइम मैं दे नहीं सकता। इससे ज्यादा मैं कमा नहीं सकता। इसी को कहते हैं इनकम कैपिंग। नॉर्मल मॉडल ऐसे ही काम करता है। हर साल आपका 2 4% इंक्रीमेंट कर देंगे सैलरी और आपको ड्रग देते रहेंगे सैलरी नाम का जिससे आप अपने सपने भूल जाओ। जिससे आप सिर्फ हैंड टू माउथ चलाओ। आपका काम चलता रहे। आपका पेट भरा रहे, काम चलता रहे, जिंदा रहो आप। बट इस ट्रैप से कभी बाहर नहीं निकल पाओगे। क्यों? क्योंकि भाई फिक्स सैलरी है ना पक्का मिलेगी। हर एक तारीख को मिलेगी। यह वह ड्रग है जो आपके सपने खत्म करता है। अब मैं बताता हूं एक समझदार बंदा क्या करेगा। अगर मान लेते हैं यह बंदा रोबोट भी होता
34:23 तो यह 24 घंटे काम कर लेता। रोबोट भी 24 घंटे नहीं कर सकता फिर भी तब भी ₹90,000 से ज्यादा अर्निंग नहीं कर पा रहा है बंदा। प्रैक्टिकली 45k इज़ वो प्रैक्टिकिटी से भी थोड़ा ऊपर है। राइट? कोई 12 घंटे काम कर ले तो। बट आपने क्या किया? आपने हमारे साथ बिज़नेस स्टार्ट कर लिया। ऐसी मैं एग्जांपल दे रहा हूं। एक्सैक्टली यही काम नहीं होने वाला। बस फॉर एग्जांपल आपने हमारे कोर्सर्सेस देख लिया। आपने हमसे ट्रेनिंग ले ली। आपका दिमाग खुल गया है बहुत ज्यादा। आपने क्या करा कि ऐसा करते हैं हम। मेरे आसपास बहुत सारे लोग हैं जिनके पास जॉब नहीं है। तो मैं क्या करूंगा ना? मैं एक टीम क्रिएट करता हूं 10 लोगों की। ठीक है? 10 लोग हैं। आपने उनको ट्रेनिंग्स दी। ट्रेनिंग्स दी। उनको सिखाया, उनको सब कुछ बताया। कैसे क्या करना है। है ना? आपने उनको जॉब
35:09 अपॉर्चुनिटी दे दी। आपने क्या बोला कि भाई देखो तुम 4 घंटे काम करो। ठीक है? 4 घंटे काम करो। मैं तुम्हें ₹10,000 दूंगा। आपने यह करा। आपने कंपनी के साथ डील कर ली और आपने बोला कि ठीक है? मैं अब टीम हायर कर रहा हूं। आपका बिजनेस और ज्यादा बढ़ा देंगे। आप उस हिसाब से हमें पैसे देने शुरू कर दो। ठीक है भाई? 10 लोगों से 4 घंटे आपने काम कराया। ठीक है? तो आपको कितना पैसा देना पड़ेगा? 10 * 10 मतलब कि ₹1 लाख आपको देना पड़ेगा। लोगों को सैलरी बांट रहे हो आप। ₹1 लाख की। वेरी वेरी गुड यार। बट आपको तो ऊपर हम देखें अगर आपको तो 4 घंटे में ₹15,000 मिल रहे थे। तो इसका मतलब आपको आपको कितना पैसा मिला था? 10 * 15 मतलब आपको 1.5 लैक्स मिला था। आपने सिर्फ ₹1 लाख दिया टीम में। कितने बचे?
35:59 50 के। ₹00 आपने कमा लिए बाय डूइंग व्हाट? डूइंग नथिंग। आपने कुछ भी नहीं करा। बस आपने लोगों को अपॉर्चुनिटी दी। उनको सिखाया, उनको ट्रेन करा, उनको भी कैपेबल बनाया और आपने उनके थ्रू भी पैसा कमा लिया। विन विन सिचुएशन उनका भी भला, आपका भी भला। दिस इज हाउ बिजनेसमैन माइंड वर्क्स। हर एक बिज़नेस इसी कांसेप्ट पे काम करता है। अब आप सोचो यह टीम अगर आप 20 लोगों की बना लो तो आप ₹1 लाख कमाओगे। अगर आप 100 लोगों की बना लो तो आप कैलकुलेट कर लो। अब ₹5 लाख आप कमाने होंगे। बाय डूइंग व्हाट? जस्ट मैनेजिंग पीपल। अब उसके लिए आपके अंदर लीडरशिप क्वालिटीज होनी चाहिए। उसके लिए आपके पास कम्युनिकेशन स्किल्स होनी चाहिए। उसके बाद आपको मैनेजेरियल एक्टिविटी आनी चाहिए। कैसे क्या करना है? मैनेज कैसे करते हैं? राइट? अब लोग आपकी
36:44 बात क्यों मानेंगे? आपके पास कुछ पर्सनल ब्रांड तो होनी चाहिए ना। आप कोई जानेमाने व्यक्ति होने चाहिए वो। इन्हीं तीनों चीजों के ऊपर हम आपको सिखाते हैं। यही तीन चीज के ऊपर आपको हम स्किल्स देते हैं। और ये एवरग्रीन स्किल्स हैं। आगे बताता हूं। देखो ये तो चलो मैंने आपको टाइम लेवरेजिंग का कांसेप्ट समझा दिया। राइट? चलो भाई लेट्स गेट बैक टू द पीपीटी। मुझे पता है बहुत कम टाइम में मैं बहुत सारी चीजें समझा रहा हूं आपको। तो थोड़ा अटेंशन रखनी पड़ेगी भाई। आगे चलते हैं। अगर मान लेते हैं आप इसी सिमिलर कांसेप्ट पे काम करते हो। जैसे मैंने आपको बताया एग्जांपल के लिए तो आप कोई ऐसी कंपनी के पास जाओगे ना जो ऐसी इंडस्ट्री में काम करती हो जो एवरग्रीन हो। ऐसा ना हो कि भाई कल को वापस से कोरोना आ जाए, कोविड आ जाए, लॉकडाउन आ जाए तो गलती से वो कंपनी बंद हो जाए तो आपका तो धंधा ही बंद हो जाएगा। राइट? ऐसी इंडस्ट्री में आप काम ही नहीं करना चाहोगे। आप ऐसी इंडस्ट्री ढूंढोगे जो एवरग्रीन है कि चाहे चांद पर चले जाए
37:31 इंसान चाहे मार्स पे चले जाए इंसान बट ये इंडस्ट्री हमेशा बूम ही करेगी। वो तीन इंडस्ट्री आपके सामने स्क्रीन पे दिख रही हैं। एजुकेशन हर इंसान हमेशा एजुकेशन लेगा। सिकनेस हमेशा कोई ना कोई बीमार पड़ेगा। राइट? या फिर वेलनेस कि लोग बीमार होना नहीं चाहते। उसके लिए लोग इतना भी पैसा खर्च करने के लिए रेडी हैं। राइट? तो सिकनेस का तो देखो आप मैनेज कर नहीं सकते। आप कोई हॉस्पिटल तो खोल नहीं सकते। आप कोई डॉक्टर तो हो नहीं कि आप लोगों का मरीजों का इलाज करो और पैसे कमाओ। राइट? वो हम चीज नहीं बताने वाले हैं। बट एजुकेशन एंड वेलनेस इन दोनों अमेजिंग इंडस्ट्रीज को अगर हम मिला दें, इनकी शादी करा दें तो कैसा रहेगा? अगर आप ऐसी दो इंडस्ट्रीज के पार्ट हो, चाहे वर्ल्ड वॉर हो जाए, दूसरा चाहे वापस से कोरोना आ जाए, साला कुछ भी हो जाए तब भी ये दोनों इंडस्ट्रीज ग्रो ही
38:18 करेंगी। इनफैक्ट जब दुनिया में बड़ी से बड़ी कंपनी बंद हो रही होगी। लेकिन आपकी कंपनी आपकी इंडस्ट्री हमेशा बूम कर रही होगी। आ गया ना मजा सुनके खोल दिया ना मैंने आपका दिमाग। तो अब यह सोचते हैं कि चलो ठीक है इंडस्ट्री पता चल गई। अब इंडस्ट्री में किसी ना किसी कंपनी को तो पकड़ना पड़ेगा। किसी ना किसी को तो देखना पड़ेगा ना भाई कि इस कंपनी के साथ चलो टाई अप करते हैं। इस कंपनी से बातचीत करते हैं। फिर हम इस तरीके से काम करेंगे। चलो ठीक है भाई। लेट्स सी व्हाट Google बाबा विल सजेस्ट। Google बाबा से पूछते हैं क्या सजेशन है Google बाबा का? राइट? तो मैं ऐसा करता हूं। आप सबके सामने ना मैं अब खोलने वाला हूं Google आपके सामने अब Google खोल चुका हूं मैं राइट स्क्रीन शेयर मैं कर चुका हूं Google मैं आपके सामने खोल चुका हूं भाई रियल Google है ये इसमें मैं तो क्या ही करूंगा राइट तो इसमें हम सर्च करते हैं क्योंकि वेलनेस से
39:05 रिलेटेड इंडस्ट्री हमें चाहिए ओके एजुकेशन तो हम प्रोवाइड कर ही देंगे तो ये लिखते हैं वर्ल्ड्स बेस्ट हेल्थ प्रोडक्ट सर्च करते हैं राइट वर्ल्ड्स बेस्ट हेल्थ प्रोडक्ट्स ठीक है Google सर्च करा मैंने इमेजज़ में जाता हूं कुछ तो तो ये दिखा रहा है। है ना? कुछ प्रोडक्ट्स आने लग गए। राइट? ये कुछ फॉर एवर ब्राइट टू जेल आ गया है। ये कोई एलोवेरा से रिलेटेड चीजें दिख रही हैं। राइट? कोई येलो कलर की बॉटल है। बार-बार यही चीजें आ रही हैं। पता नहीं क्या ये कोई RG प्लस नाम की चीज है। राइट? मतलब आपके सामने Google कर रहा है भाई Google को तो मैं हैक नहीं कर लूंगा। ओके। वर्ल्ड्स बेस्ट हेल्थ प्रोडक्ट्स लिखकर ये सब चीजें आ रही है। हमें चलो पता चल गया। ठीक है भाई। नेक्स्ट देखते हैं और क्या होता है। और ऐसा क्या प्रोडक्ट है जो हम सब यूज़ करते हैं। हम सब सुबह उठते ही क्या यूज करते हैं सबसे पहले? ब्रश करते हैं।
39:50 राइट? तो ऑलराइट। सो वर्ल्ड्स बेस्ट टू जेल सर्च करके रहते हैं। राइट? वर्ल्ड्स बेस्ट टू जेल। ये क्या है भाई? ये बार-बार ये फॉर एवर वगैरह क्या दिख रहा है? फॉर एवर ब्राइट। अभी थोड़ी देर पहले भी दिख रहा था वर्ल्ड्स बेस्ट हेल्थ प्रोडक्ट्स में। राइट? फॉर एवर ब्राइट कुछ तो है ये। कुछ तो चीज है भाई। है ना? चलो ठीक है। और कोई चीज जो बहुत ऑर्गेनिक होती हो, बहुत हेल्दी होती हो और आयुर्वेद में भी बोला गया है अच्छा है। क्या चीज होती है वो? कोई प्रोडक्ट अगर हम सोचे हनी चलो हनी बहुत अच्छी चीज बोली जाती है। राइट वर्ल्ड्स बेस्ट हनी सर्च करते हैं यार ये फिर से कुछ फॉरएवर वगैरह आने लगा। ये फिर से कुछ वही पता नहीं क्या है ये सर्च करना पड़ेगा भाई। राइट चलो ठीक है। पता चल गया भाई ये भी। चलो ठीक है। अ देखते हैं वर्ल्ड्स बेस्ट बिज़नेस
40:37 अपॉर्चुनिटी सर्च करके देखते हैं। राइट? वर्ल्ड्स बेस्ट बिज़नेस अपॉर्चुनिटी ऑल में मैं कर देता हूं। राइट यार ये फिर से कुछ फॉर एवर नाम की कोई वेबसाइट ही आ गई भाई तो एक बार चलो आपको खोल के दिखा देता हूं क्या है ये चीज राइट आपके सामने ही सर्च कर रहे हैं हम ये सारी चीजें आपके सामने ही सर्च करते हैं देखते हैं क्या चीज है क्या चीज नहीं है राइट तो थोड़ा ये मुझे लग रहा है ऑफिशियल वेबसाइट है राइट फॉर एवर नाम की ब्रांड लग रही है मुझे तो ऐसा करते हैं हम इसके अबाउट में जाते हैं राइट और अबाउट में जाके देखते हैं क्या सीन है राइट अबाउट पे क्लिक करके अबाउट फॉर एवर लिविंग ओके अबाउट अस फॉरएवर की ऑफिशियल वेबसाइट पे हम इनके फैक्ट्स देखते हैं क्या चीज है फाउंडेड इन 1978 बाय रेक्समोन मतलब भाई बहुत पुरानी कंपनी है बहुत पुरानी 1978 आप सोच लो कितना साल हो गए
41:24 राइट अ रेक्समोन ने शुरू करी थी ये एरिजोना में यूएस की ब्रांड है इसका मतलब राइट प्लांट टू प्रोडक्ट टू यू मतलब कुछ तो ऐसा कांसेप्ट लग रहा है जहां पे मिडिल मैन इनवॉल्वड नहीं है शायद राइट क्योंकि प्लांट एलोवेरा प्लांट है प्रोडक्ट टू यू कुछ तो ऐसा लग रहा है राइट आगे देखते ग्लोबल प्रेजेंस। अरे भाई साहब 140 कंट्रीज में 45 साल से ज्यादा हो गए। यह तो हर जगह ही दिखा दिया भाई इन्होंने। पूरी दुनिया में ही है ये तो। चलो ठीक है भाई नीचे चलते हैं। हार्वेस्टिंग हेलो इन्वेस्टिंग इन फ्यूचर फॉर एवर वे अपॉर्चुनिटीज इंसेंटिव्स एंड बेनिफिट्स। ऑलराइट। बहुत सारी चीजें हैं। थोड़ा लीगलिटीज भी देख लेते हैं। कंप्लायंस डॉक्यूमेंट्स वगैरह चेक करते हैं क्या चीज है। राइट? सर्टिफिकेट ऑफ इनकरपोरेशन भी हम देख
42:10 सकते हैं यहां पर सारी चीजें अवेलेबल हैं। मतलब अगर हम कुछ भी जानना चाहेंगे कंपनी के बारे में तो सारी चीजें अवेलेबल हैं। तो भाई कैसे करें अब ये शुरू कैसे करें यार? समझ नहीं आ रहा। ये जॉइ नाउ का कुछ बटन दिख रहा है। कुछ तो है प्रेफर्ड कस्टमर वगैरह। राइट कुछ तो है समझना पड़ेगा। सो गाइस डोंट वरी आई एक सेकंड हमने Google से पूछ लिया। हमने Google से पूछ लिया है आपके सामने। हमने फॉर एवर सर्च करा, उसकी वेबसाइट सर्च करी। द बेस्ट पार्ट इज वी आर ऑलरेडी पार्ट ऑफ फॉर एवर। हमने ये सारी रिसर्च कर ली थी। हम ऑलरेडी बेस्ट प्लेटफार्म के साथ कनेक्टेड हैं। एंड वी हैव चूज़न द बेस्ट कंपनी इन द बेस्ट इंडस्ट्री जो कि एजुकेशन
42:57 एंड वेलनेस में दोनों में इन्वॉल्वड है। Google में हम सर्च करते हैं वर्ल्ड बेस्ट हेल्थ प्रोडक्ट्स तो वही आता है। वर्ल्ड बेस्ट बिज़नेस अपॉर्चुनिटी में वही आता है। हनी में वही आता है। टजेल में वही आता है। भाई तो कुछ तो चीज है। राइट? तो आगे चलते हैं। अब फॉरएवर को मैं इंट्रोड्यूस करता हूं। मतलब मुझे बहुत खुशी हो रही है बताते वक्त। मैं बहुत एक्साइटेड हो जाता हूं जब मैं फॉरएवर के बारे में बताता हूं। बिकॉज़ आई लव फॉर एवर फ्रॉम बॉटम ऑफ़ माय हार्ट। कुछ फैक्ट्स आपके सामने लिखे हैं। आपका मेंटोर जरूर आपसे कोई ना कोई फैक्ट आपसे पूछेगा जिससे पता चले आप सीरियस हो कि नहीं। राइट? ओपन माइंड करके चीजें समझते रहो। बहुत जरूरी हैं। तो ये कुछ फैक्ट्स हैं। आप स्क्रीनशॉट भी ले सकते हो। मैं तो कह रहा हूं स्क्रीनशॉट ले लो और अपने मेंटोर को भेज दो फटाफट से। एक ज्यादा टाइम नहीं लगाना। ले लिया स्क्रीनशॉट? ओके। ऑलराइट। भेज दिया? स्क्रीनशॉट भेज दिया। आई एम वेटिंग। 10 9 8 7 65 443 2 आई गेस अभी तक भेज दिया
43:44 होगा। कंटिन्यू करते हैं। हेड क्वार्टर्स हैं स्कॉट डेल एरिजोना यूएसए में। 140 से ज्यादा कंट्रीज में ऑपरेट करती है। इंक 500 फास्टेस्ट ग्रोइंग कंपनीज़ में भी है। 4000 से ज्यादा ऑफिसिसेस हैं वर्ल्ड वाइड। ग्लोबल टर्नओवर 2.5 बिलियन ₹00 करोड़ से ज्यादा का ग्लोबल टर्नओवर है। भाई बहुत ज्यादा नंबर हो गया यार। ये तो मतलब नाम ही नहीं सुना आपने। राइट? मैं भी आपको सच बताऊं यार। देखो मैं तो अब फॉरएवर का पार्ट हूं। तो मैं तो जानता हूं। है ना? बट मैं भी जब आपकी तरह इस बिनेस को समझ रहा था ना तो मुझे फॉरएवर का नाम तक नहीं पता था। ये है क्या चीज। मुझे समझ नहीं आया था कि मैं क्यों नहीं जानता इतनी बड़ी कंपनी को वर्ल्ड्स बेस्ट सेल प्रोडक्ट्स के बारे में मैं क्यों नहीं जानता। अभी मैं आपको समझाता हूं कांसेप्ट क्यों नहीं जानते आप। और इसके पीछे एक बहुत बड़ी स्ट्रेटजी है। बहुत बड़ा रीज़न है जो आपने कभी सोचा भी नहीं होगा। अभी
44:31 आगे बताते हैं। बिगेस्ट नेम है न्यूट्रासटutिकल्स में। वर्ल्ड लीडर है एलोवेरा एंड बी हनी में। बहुत सारे सर्टिफिकेट्स भी हैं कंपनी के पास। बड़े-बड़े सर्टिफिकेट्स। कोश रेटिंग है। आईएसी से वेरीिफाइड है। हलाल सर्टिफिकेट है। पेटा क्रुएल्टी फ्री भी है। इंटरनेशनल एलो साइंस काउंसिल के थ्रू भी सर्टिफिकेट आपको दिख रहा होगा। आप सर्च करोगे ना भाई ऐसे-से सर्टिफिकेट्स हैं जो अच्छी खासी कंपनीज़ जो आप देखते हो जिनके एड्स उनके पास भी नहीं होते हैं। राइट? फॉर एवर लिविंग प्रोडक्ट्स के बारे में। Google करते हैं एआई क्या बताता है? देखो रिकॉग्नाइज़्ड लेजिटमेट डायरेक्ट सेलिंग कंपनी एंड एज़ इज़ एफिलिएटेड विथ द वर्ल्ड फेडरेशन ऑफ़ डायरेक्ट सेलिंग एसोसिएशन। मतलब कि डायरेक्ट सेलिंग इंडस्ट्री का हम पार्ट हैं। जहां पे कोई मिडिलमैन नहीं होता वो कांसेप्ट मैं अभी आपको समझाऊंगा। कंपनी होती है, आप होते हो और सीधे कस्टमर्स होते हैं। तो क्या भाई प्रोडक्ट
45:17 बेचना पड़ेगा हमको? भाई अभी क्यों आप ओवरथिंक कर रहे हो यार? आपको मैंने प्रोडक्ट बेचा टेंशन क्यों लेते हो? नहीं सोचना ये सब चीजों के बारे में। हर क्वेश्चन हमें पता है क्या आ रहा है आपके दिमाग में। सारी चीजें क्लियर करेंगे। बी पेशेंट। आपको कुछ ऐसा काम नहीं कराने वाले हम जिससे आपको दिक्कत आए। मजा आएगा भाई काम करने में। मेरे जैसा कोई रॉकेट साइंस में इंटरेस्टेड आदमी अचानक से प्रोडक्ट बेचना शुरू कर देगा क्या? भाई सोच सोच समझ के सोचो भाई। मुझे पता है आपके दिमाग में ये चल रहा था। मैंने इसलिए क्लियर कर दिया। मतलब कि वर्ल्ड फेडरेशन है एक डायरेक्ट सेलिंग इंडस्ट्री की। राइट? ऑल ओवर द वर्ल्ड डिफरेंट कंपनीज़ भी होंगी। उसके लिए एसोसिएशन भी होगी कि कौन सी कंपनी सही है, कौन सी कंपनी नहीं है। फिर इंडिया में भी उसका एक छोटा सा पार्ट है आईडीएसए जिससे लीगल कंपनीज़ को ही पार्ट मिले। ये सब चीजें करने का अलाउंस मिले। तो मैंने सर्टिफिकेट्स भी यहां के आपके सामने रख दिए हैं। आप देख सकते हो इंडियन
46:03 डायरेक्ट सेलिंग एसोसिएशंस क्या है? क्या करती है वो? फॉर एवर लिविंग उसका एक लेज लेजिटिमेट पार्ट है। आगे चलते हैं। भाई देखो डायरेक्ट सेलिंग के बारे में हो सकता है आप जानते हो। हो सकता है आपने कभी ना सुना हो। हो सकता है आपका कोई रिश्तेदार आके उठ के आए कि मुझे इस चीज के बारे में पता है। इन सब से कुछ नहीं होता। राइट? वही है स्कूटर चलाते हुए आते हैं और नॉलेज देते हैं Lamborghini ferari की और फिर बड़ी-बड़ी बातें वड़ा पाव खाता। घर जाते हैं। मतलब हमारे घर आते हैं, बड़ी-बड़ी बातें करते हैं, नॉलेज देते हैं। चाय के साथ राय मुफ्त देते हैं। आता कुछ है नहीं। फिर उन स्कूटर पे किक मार रहे होते हैं। स्कूटर स्टार्ट नहीं हो रहा होता उनका। राइट? देखो मैं किसी की बेइज्जती नहीं करना चाहता। बट मुझे बड़ा गुस्सा आता है उन लोगों पे। देखो मैं क्योंकि ये चीज सह चुका हूं। मुझे उन लोगों पे बड़ा गुस्सा आता है जिनको नॉलेज नहीं है और बोलते सबसे ज्यादा हैं। और मिसइफेशन फैलाते हैं। आई एम स्ट्रिक्टली अगेंस्ट दैट। मैं चाहता
46:50 हूं कि आप लॉजिकल डिसीजन लो। आपको फैक्ट्स पता हो। किसी बंदे की रैंडम चीज की वजह से आप अपना डिसीजन ना ले लो। क्योंकि मैं देख चुका हूं यार पिछले पांच छ सालों में इतने पोटेंशियल लोग, इतने अच्छे लोग जो इस बिनेस में क्या कुछ नहीं कर सकते थे कुछ नहीं कर पाए। बिकॉज़ उन्होंने जल्दीबाजी कर दी। लोगों को बता दिया कि मैं तो ये बिज़नेस समझ रहा हूं। मैं तो ये कर रहा हूं। और उन्हें उनको उन्होंने उनको नेगेटिव कर दिया। रॉन्ग इनफेशन दे दी। और उन्होंने अपना हाथ दो बैठा। इतनी अच्छी अपॉर्चुनिटी से। आप अगर समझदार हो। आपका भेजा सेंटर में है। आप अपने लाइफ के बारे में अच्छा चाहते हो। अपने पेरेंट्स के बारे में अच्छा चाहते हो तो भाई समझदारी से काम लो। हम इन सब चीजों के गो थ्रू कर चुके हैं। हमें पता है आपके लिए अभी बेस्ट क्या है? क्या करना चाहिए, क्या नहीं करना चाहिए। जब तक आप पूरा ना समझ लो काम। आपको किसी को ना हल्ला मचाने की जरूरत नहीं है। मैं एक काम समझ रहा हूं। मैंने फॉर एवर
47:35 समझा है। राइट? आप पहले सारे डाउट्स को क्लियर करो। इतनी इंफॉर्मेशन ले लो कि साला कोई भी आपके सामने आ जाए। कुछ भी बोलने लग जाए। आपके पास चार आंसर हो। राइट? यही समझदारी होगी। तो अब देखो भाई सुनते हैं वो चाचा मामा ताऊ फूफा की ना सुनने की बजाय ये सुनते हैं सीईओ ऑफ नीति आयोग गवर्नमेंट की एसोसिएशन है नीति आयोग उनकी उनका राय लेते हैं क्या ये आईएएस ऑफिसर हैं बाय द वे राइट अमिताभ अमिताभ कंट एक रिटायर्ड आईएएस ऑफिसर हैं इंडिया में अभी जी20 हुई थी उसके शर्पा थे मतलब उसका फेस थे मेक इन इंडिया जो यह मूवमेंट है इन्होंने ही इनिशिएट करा था स्टार्टअप इंडिया इनिशिएटिव भी इन्होंने ही लिया था भाई बड़ी बातचीत है एक इंटरव्यू हुआ था इनका आप नीचे नीचे स्क्रीनशॉट भी देख सकते हो उस इंटरव्यू का। उसमें उन्होंने डायरेक्ट सेलिंग के बारे में कुछ अच्छी-अच्छी बातें बोली थी। वो देखो यहां पे कोटेड है। डायरेक्ट सेलिंग विल हैव टू
48:22 बी गिवन अ ग्रेटर ट्रस्ट। थ्रस्ट एज इट्स एमावर्स वुमेन एमएसएमई प्रमोट्स मैन्युफैक्चरिंग इन इंडिया। डायरेक्ट सेलिंग शुड नॉट बी इक्वेटेड विद फ्रॉडेंट फाइनेंसियल स्कीम्स। क्योंकि बहुत सारे लोग ऐसे हैं जो गलतफहमी में जीते हैं। और डायरेक्ट सेलिंग को फ्रॉड स्कीम स्कैम से कनेक्ट कर लेते हैं। क्योंकि बहुत सारे लोगों को काम करना नहीं आता इस इंडस्ट्री में। वो प्रेजेंट नहीं कर पाते सही चीज को। राइट? बोलते हैं ना एक तालाब में एक गंदी मछली हो तो पूरा तालाब गंदा लगने लग जाता है। तो उन चक्करों में मत पड़ना भाई। आप उनकी सुनो जो ट्रस्टेड सोर्सेस हैं। द इंडस्ट्री हैज़ अ पोटेंशियल टू ग्रो टू 100 बिलियन आईएआर बाय 2025। भाई मजाक की बात है क्या? गवर्नमेंट ऑफ इंडिया का आदमी है। अमिताभ कंट ये चीज बोल रहा है। इसकी नहीं सुनोगे और किसी और की सुन लोगे। आगे चलते हैं। अनुराग ठाकुर मेंबर ऑफ लोकसभा ये आप देख सकते हो। ये मेंबर ऑफ द पार्लियामेंट
49:09 हैं। चेयरमैन ऑफ पार्लियामेंट्री स्टैंडिंग कमेटी ऑन कोल माइंस एंड स्टील। मतलब बड़ी बात चीज है। राइट? नीचे देखो एक मैंने इनके भी इंटरव्यू का स्क्रीनशॉट डाला हुआ है। पीछे देखो किसका लोगो लगा हुआ है। आईडीएसए इंडियन डायरेक्ट सेलिंग एसोसिएशन का लोगो लगा हुआ है। और एक इवेंट में उन्होंने क्या बातें बोली थी। डायरेक्ट सेलिंग इंडस्ट्री कंट्रीब्यूट्स टू इंडियास ग्रोथ एंड क्रिएट्स जॉब अक्रॉस द नेशन। इट इज कमेंडेबल दैट दिस इंडस्ट्री इंगेजेस अराउंड 6 मिलियन पीपल इनवॉल्वड एज इदर डिस्ट्रीब्यूटर्स और डायरेक्ट सेलर्स। और क्या चाहिए भाई? और क्या चाहिए? सोचो गवर्नमेंट ऑफ इंडिया इस चीज को सपोर्ट कर रही है। एसोसिएशंस आके सारी चीजें बैक कर रहे हैं। बट कुछ लोग आएंगे और बोलेंगे और ये तो बेकार चीजें होती है। भाई बोलते रहो। हमें फर्क नहीं पड़ता। आपको भी फर्क नहीं पड़ना चाहिए। आगे चलते हैं। रुको एक सेकंड हां जल्दी मैंने दिखा दी पीपीटी। अगर मैं कहूं कि आपके फेवरेट सेलिब्रिटीज
49:56 जिनको आप देखते हो बड़े पर्दे पर जिनकी मूवीज आप देखते हो वो भी फॉरएवर के प्रोडक्ट्स यूज़ करते हैं बट कभी बताते नहीं क्योंकि वो कभी fएवर कभी एडवरटाइजमेंट नहीं करता मैं आपको बताऊंगा डायरेक्ट सेलिंग कैसे काम करती है क्या फर्क है डायरेक्ट सेलिंग और नॉर्मल इंडस्ट्री में फॉरएवर कभी भी एड्स नहीं रन करता कभी भी एडवरटाइजमेंट नहीं करता किसी बड़े सेलिब्रिटी को हायर नहीं करता इसलिए आप नहीं जानते क्योंकि आप सारी ब्रांड जो यूज़ करते हो कोई ना कोई ऐड के थ्रू भी जानते हो? फॉर एवर चाहता है हमें ऐड ना करना पड़े। इतना बढ़िया प्रोडक्ट बना देंगे। वर्ड ऑफ़ माउथ से ही इतना डिस्ट्रीब्यूट हो जाएगा और बड़े-बड़े इंडस्ट्री के लोग उसको यूज़ करेंगे। नेक्स्ट मैं आपको दिखाता हूं कौन। आप में से बहुत सारे लोग स्पाइडरमैन को जानते होंगे। फेवरेट करैक्टर होगा। मूवीस देखते होंगे। टॉम होैंड इंग्लिश एक्टर है। स्पाइडरमैन का रोल इसने अदा करा है। एक
50:41 पोस्ट है उसकी Instagram पे। यह देखो क्या यूज़ कर रहा है। RG प्लस RG प्लस फॉर एवर का प्रोडक्ट है। और देखो क्या लिखा है। ड्रिंकिंग हेल्दी विद RG प्लस। राइट? आगे चलते हैं। सिर्फ यही नहीं आप इस स्लाइड में किस-किस को देख सकते हो। आपको सिद्धू मूसे वाला भी दिख गया होगा। रेस्ट इन पीस, रेस्ट इन पावर वो भी एलोवेरा जेल यूज़ करता था। भाई आपको ध्यान से देखो। रू बहुत फेमस फुटबॉल प्लेयर है। वो भी फॉरएवर के प्रोडक्ट्स यूज़ करता था। नीचे देखो एक मैराथॉन की फोटो है जिसमें RG प्लस भी रखा हुआ है। रिहाना बहुत फेमस सिंगर है। आपको नीचे राइट हैंड साइड बीच में दिख रही होगी यहां पे। एलोवेरा की एक C9 किट आती है फॉरएवर की वेट लॉस के वो भी उसने यूज़ करा हुआ है। बहुत सारे ऐसे सेलिब्रिटीज हैं। निक्की मिनाज को आम आप जानते होंगे। न्यूज़पेपर में भी मेंशंड था कि निक्की
51:27 मिनाज एलोवेरा जेल पीती थी और फैन थी और एलिसिया कीज़ भी पीती थी। एक वो भी सिंगर है बहुत बड़ी पॉश एलोवेरा डाइट। राइट? शिल्पा शेट्टी भी एलोवेरा पीती थी। भाई बात ऐसी है ऐसे बहुत सारे सेलिब्रिटीज हैं जिनके बारे में हमें कभी पता भी नहीं चलेगा। ना ही मैं बता सकता हूं इधर इतना ज्यादा ओपनली क्योंकि वो ओपनली कभी एक्सेप्ट नहीं करते। अ लॉट ऑफ इंडियन सेलिब्रिटीज आल्सो यूज़ फॉर एवर प्रोडक्ट्स क्योंकि दे आर प्रीमियम वर्ल्ड क्लास प्रोडक्ट्स वो खुद ऐड करेंगे लक्स साबुन की राइट पेप्सी की माउंटेन ड्यू की वो खुद पीते होंगे क्या आलिया भट्ट आती है फ्रूटी की ऐड करती है उसमें शुगर भरी होती है बट कपिल शर्मा के शो पे आके आलिया भट्ट क्या बोलती है ओ इसमें शुगर है ये नहीं पीना भाई पूरी एडवरटाइजमेंट इंडस्ट्री एक फ्रॉड है बहुत बड़ा और हमारे दिमाग से खेला जाता है एडवर्टाइजमेंट इंडस्ट्री काम कैसे करती
52:14 है लेट लेट मी टेल यू आपके स्क्रीन के सामने ट्रेडिशनल बिज़नेस कैसे काम करता है उसका पीपीटी है। कंपनी प्रोडक्ट्स बनाती है। फिर वो डिस्ट्रीब्यूटर के पास जाता है। फिर वो रीजनल डिस्ट्रीब्यूटर के पास जा रहा है। फिर वो आपके पास वाले कहीं होलसेलर के पास जा रहा है। फिर होलसेलर जाके रिटेलर आपके आसपास की किसी किराने शॉप के पास जा रहा है। तब जाके आप उस प्रोडक्ट को खरीद रहे हो। बट आपने प्रोडक्ट क्यों खरीदा? क्योंकि आपने एडवर्टाइजमेंट देखी क्योंकि कैटरीना कैफ फ्लक्स का साबुन यूज़ कर रही थी भाई। क्योंकि ऋतिक रोशन माउंटेन ड्यू पी रहा था। क्योंकि सलमान खान ने बोल दिया थम्स अप पीनी चाहिए तो आपने वो चीज खरीद ली। राइट? बट वो करोड़ों रुपए नहीं लेते हैं वो साइड करने के। करोड़ों रुपए लेते हैं। वो करोड़ों रुपए कहां से आ रहे हैं? आपकी पॉकेट से जा रहे हैं। अगर किसी ₹100 की चीज को बनने में ₹10 लग रहे हैं ना तो हर बंदा ₹1 ₹1 रखता है। डिस्ट्रीब्यूटर ₹10 रखता है। होलसेलर ₹10 रखता है। ₹30 तो वो
53:02 सेलिब्रिटीज ले जाते हैं उस ₹100 के आइटम में जो आपको एट द एंड ₹100 की पड़ती है। बट हाउ डस आवर बिनेस वर्क? डायरेक्ट सेलिंग वर्क्स? देयर इज नो सेलिब्रिटी। कंपनी यह कहती है कि आप ही हो जी हमारे लिए शाहरुख खान, सलमान खान, ऋतिक रोशन। हमें नहीं चाहिए कोई सेलिब्रिटी, हमें नहीं चाहिए कोई एडवरटाइजमेंट। वो पैसा जो हम एडवरटाइजमेंट में लगाते उसकी बजाय हम प्रोडक्ट ही क्वालिटी में लगा देंगे और ऐसे प्रोडक्ट बना देंगे जो वर्ल्ड में कोई और कंपनी प्रोवाइड कर ही नहीं सकती। इतनी ज्यादा आरएडी कर देंगे। नोबेल प्राइज विनर्स के साथ कोलैब करके ऐसे-ऐसे प्रोडक्ट बना देंगे जिन्होंने गेम कर दिया। RG प्लस इज एन अमेजिंग प्रोडक्ट। जभी तो स्पाइडरमैन पी रहा है ना। कभी करना इस चीज के ऊपर सर्च। आपको बाद में प्रोडक्ट ट्रेनिंग में पता चलेगा। कंपनी के बाद आप आते हो। हम है कंपनी के लिए मिडिलमैन नहीं कहूंगा। हम है
53:48 डिस्ट्रीब्यूटर्स और फिर उसके बाद कस्टमर्स। इसका मतलब वो सारा पैसा जो इतने सारे एक डिस्ट्रीब्यूटर्स, एडवर्टाइजमेंट इन सब चीजों में बंट रहा था वो सारा पैसा आप और हम जैसे लोगों के बीच में डिस्ट्रीब्यूट होता है। और हम सब मिडिल क्लास वाले लोगों को भी मौका मिलता है एक बिजनेस क्रिएट करने का फॉर एवर की फैमिली का पार्ट बनकर, एक बिजनेस पार्टनर बनकर। राइट? कितना अच्छा है ना कि आपसे ना डिग्री मांगी फॉर एवर ने ना आपसे बोला कि आपको कितने सालों का एक्सपीरियंस है ना आपसे आपकी जाति पूछी ना आपसे आपका स्टेट पूछा ना आपसे पूछा कि कौन सी लैंग्वेज आती है नो डिस्क्रिमिनेशन एट ऑल क्या रिलीजन से आप बिलोंग करते हो नो डिस्क्रिमिनेशन एट ऑल एंड अपॉर्चुनिटी टू एवरीवन मैं दिल से थैंक यू बोलना चाहता हूं भाई रेक्स सर का ही इज़ इन द हेवन टुडे आज वो नहीं है बट हिज सन ग्रेगमोन इज़ हैंडलिंग द कंपनी
54:35 प्राइवेटली हेल्ड कंपनी है कंपनी इज इज़ अ कैश रिच कंपनी। फॉर एवर इज़ अ कैश रिच कंपनी। बड़ी-बड़ी कंपनीज़ भी के ऊपर भी डेप्ट होता है करोड़ों का। फॉर एवर इज़ अ प्राइवेटली ओनड कंपनी। कोई ऐसा नहीं है कि स्टॉक्स किसी ने खरीदा। मार्केट प्राइस गिर गया। स्टॉक किसी ने बेच दिया, ऊपर हो गया, नीचे हो गया। नो कि कोई गवर्नमेंट का से लोन नहीं लिया, किसी बैंक से लोन नहीं ले रखा। कैश रिच कंपनी है। खुद के कंपनी के रिसोर्ट से इन्वेस्टमेंट्स हैं। भाई बढ़िया कंपनी है। बहुत आप करोगे रिसर्च तो मजा आ जाएगा। राइट? अब आगे चलते हैं। फॉरएवर इंडिया के बारे में मैं बताता हूं। कुछ फैक्ट्स हैं बहुत अमेजिंग। मैं बताना चाहता हूं। आपका हक बनता है। फॉर एवर इंडिया के साथ आप बिज़नेस शुरू करने वाले हो भाई। उससे पहले आपका हक बनता है कुछ फैक्ट्स जानने का। फॉर एवर ग्लोबल बहुत सारी कंट्रीज हैं। 140 प्लस कंट्रीज में हैं। उनकी छोटी-छोटी कंपनीज़ पार्ट्स डिफरेंट-डिफरेंट कंपनी डिफरेंट-डिफरेंट कंट्रीज में रजिस्टर्ड है। जैसे इंडिया
55:20 में फॉरएवर लिविंग इंपोर्ट्स इंडिया नाम से रजिस्टर्ड है हमारी फॉर एवर इंडिया। 1995 से मतलब 30 साल से ऑपरेट कर रही है इंडिया में। बट ऑफिशियली 2005 या 2011 के अराउंड आई थी। एनुअल टर्नओवर ध्यान से देख लो भाई क्या है ये? 760 करोड़ प्लस का एनुअल टर्नओवर है। 2024 2025 का फाइनेंसियल ईयर रेवेन्यू सीएजीआर जो भी इकोनॉमिक्स के लोग हैं जिनको थोड़ा बहुत ये सब नॉलेज है। आपको पता होगा 22% ईयर ऑन ईयर सीएजीआर बहुत ज्यादा होता है। बहुत तगड़ी ग्रोथ कर रही है फॉर एवर और इंडिया में इंडिया इज द एफएलपीस नंबर वन मार्केट ग्लोबली। मतलब कि पूरी दुनिया में है फॉर एवर। बट इंडिया इज द बिगेस्ट मार्केट फॉर फॉर एवर। सिर्फ इंडिया ही 22% ऑफ द ग्लोबल रेवेन्यू दे देती है। और अभी आपको जानकर
56:06 खुशी होगी सारी कंट्रीज में कंपटीशन चलता रहता है। कौन ज्यादा सेल्स करेगा, कौन कम करेगा वगैरह-वगैरह। तो इंडिया वाज़ नंबर वन फॉर द लास्ट फ्यू मंथ। अभी जापान पे नंबर वन चल जापान नंबर वन चल रही थी कई सालों से। इंडिया नंबर टू पे। अब इस साल हम सबका गोल है कि इंडिया नंबर वन आ जाएगी। जापान को भी बीट कर देगी क्योंकि हम सब बहुत मिलकर मेहनत कर रहे हैं और काम कर रहे हैं और ग्रो कर रहे हैं। राइट? सो इंडिया फॉर एवर इंडिया विल आल्सो ग्रो। सो मजा आ जाएगा गाइस। बहुत मैं कह रहा था ना सही टाइम पे आप स्टार्ट कर रहे हो। मैंने शुरुआत में बोला था सही प्लेस पे तो आप हो ही सही टाइम पे स्टार्ट कर रहे हो। क्योंकि राइट नाउ सिचुएशनंस ऐसी बनी हुई है। इतनी ज्यादा ग्रो कर रही है ये कंपनी। ये इंडस्ट्री कि बहती गंगा है। हाथ अभी धो लो तो ग्रो जल्दी कर लोगे भाई। मैं तो यही कहूंगा एज अ ब्रदर टू ब्रदर। तो मैं यही कहूंगा आपको। ठीक है? बाकी फॉरएवर के
56:52 मार्केटिंग प्लान के बारे में थोड़ा जान लेते हैं क्योंकि यही बहुत जरूरी है जानना। शॉर्ट में बताऊंगा। थोड़े नंबर्स हैं। थोड़ा सा हो सकता है आपको बोरिंग लगे। नहीं लगना क्योंकि यही चीज है जो आपको पैसा कमवाएगी। देखो भाई 140 कंट्रीज में फॉरएवर क्योंकि काम करती है तो डिफरेंट टैक्सेस हैं। डिफरेंट करेंसीज है। तो कंपनी ने सबके लिए इक्वल बिज़नेस रखने के लिए सबके लिए पूरी दुनिया में इक्वल अपॉर्चुनिटी रहे। तो एक टर्म निकाली सीसी कॉमन करेंसी कह सकते हो। केस क्रेडिट कह सकते हो। तो सारा बिज़नेस कैलकुलेट फॉरएवर में सीसी के हिसाब से होता है। वन सीसी इन इंडियन रूपीस इज़ अराउंड 19 टू ₹20,000 और दो सीसी कितनी हो गई? 38 से ₹400 राइट कंपनी यह कहती है कि हम आपसे कोई डिग्री नहीं मांग रहे कुछ नहीं कर रहे। आपको सिर्फ एक टर्नओवर करके दिखा देना है। आपको अपने आपको प्रूफ करके दिखाना है कि हम आपको अपना बिजनेस पार्टनर क्यों बनाएं और
57:38 वो जो चैलेंज होता है, वो जो टास्क होता है वो होता है 2 सीc का टर्नओवर ला के दिखाना। अब मुझे पता है आपको हो गई होगी घबराहट कि यह क्या कह रहे हो भाई? ये क्या कह रहे हो? आप तो कह रहे थे कि कुछ नहीं करना। आप तो कह रहे थे कि प्रोडक्ट सेल तो नहीं करना वगैरह-वगैरह। भाई अब मैं आपको कांसेप्ट क्लियर कर देता हूं। एक एक सेकंड आपका जो डाउट है कि प्रोडक्ट बेचना पड़ेगा क्या? नो एंड यस मैं आपको एक चीज सब समझाता हूं। प्लीज ऐसे मत करना। सुनो मेरी बात ध्यान से। हर एक बिजनेस में प्रोडक्ट तो सेल होता है। नहीं तो बिनेस ही नहीं हो सकता। बिजनेस एग्जिस्ट कैसे करता है? कोई चीज खरीदी जाती है, कोई चीज बेची जाती है तभी ना। कोई ना कोई सर्विस, कोई ना कोई प्रोडक्ट होता है, तभी तो बिज़नेस चलता है ना। तो अपने दिमाग से वो सेल्समैन की इमेज निकाल दो जो आप लेकर बैठे हो कि प्रोडक्ट बेचना पड़ेगा। घर-घर जाकर आपको साबुन तेल
58:24 बेचना पड़ेगा। नहीं भाई आप गलतफहमी में हो। रुको तो सही ध्यान से सुनो। मुकेश अंबानी भी फ्रूट्स एंड वेजिटेबल बेचता है और रेडी वाला भी वेजिटेबल्स एंड फ्रूट्स बेचता है। दोनों फ्रूट्स एंड वेजिटेबल बेचते हैं। बट दोनों का स्टेटस अलग है। दोनों का तरीका अलग है। एक बहुत कूल माना जाता है। एक को आप नॉर्मल शायद लो क्लास समझ लेते होंगे। राइट? आप प्रीज कर लेते होंगे। तो आप ये कह सकते हो कि प्रोडक्ट्स की सेलिंग तो होगी बट आपको डायरेक्टली सेल नहीं करना पड़ेगा। हम आपको ऐसा स्ट्रेटजी बताएंगे, ऐसी टेक्निक्स बताएंगे जिससे लोग आपके पास आकर खुद बोलेंगे कि हमें प्रोडक्ट खरीदने हैं। राइट? खुद ही बोलेंगे आपको। और आपको कुछ नहीं करना यार। एक बात बताओ। कहीं ना कहीं हम सब एक अच्छी लाइफस्टाइल चाहते हैं। राइट? एक बार मैं पीपीटी साइड में हटा देता हूं। ओके? आपको
59:10 अब मैं क्लियरली दिख रहा होगा। हम सब चाहते हैं एक अच्छी लाइफस्टाइल हम जिएं। है ना? अच्छे दिखें। अच्छी पर्सनालिटी हमारी बने। अमीरों वाली लाइफ जिए। राइट? तो उसमें एक पार्ट होता है पर्सनालिटी डेवलपमेंट का। पर्सनालिटी डेवलप कैसे होती है? जब हमारा बॉडी लैंग्वेज अच्छी हो जाती है, जब हमारी कम्युनिकेशन स्किल्स बेटर हो जाती है, जब हम अपनी स्किन का ध्यान रखते हैं। जब हम अपनी हेल्थ का ध्यान रखते हैं, तभी अमीर लोग दूर से चमक चमकने लग जाते हैं कि यार यह बंदा अमीर लग रहा है। इससे एक ओरा आ रहा है। इसकी स्किन पे एक चमक है। व्हाई डू यू थिंक कि ऐसा है। बिकॉज़ दे आर यूजिंग वर्ल्ड क्लास प्रोडक्ट्स। दे आर रिच। दैट्स व्हाई दे कैन अफोर्ड दोज़ काइंड ऑफ प्रोडक्ट्स। यू आर लकी इनफ। वी आर लकी इनफ कि हम कोई सेलिब्रिटी नहीं है। हम कोई करोड़पति नहीं है। बट वी विल बी एबल टू यूज़ वर्ल्ड क्लास प्रोडक्ट्स एंड वर्क ऑन आवर
59:55 हेल्थ। क्योंकि हेल्थ इज वेल्थ। भाई हेल्थ अगर खत्म हो गई तो कुछ नहीं रखा। एक पर्सन है बहुत फेमस राकेश झुनझुनवाला जो मार्केट स्टॉक मार्केट के किंग माने जाते थे। जो भी होता था उनको देखकर करते थे लोग। मतलब अगर उन्होंने कुछ कह दिया तो मार्केट ऊपर नीचे हो जाती थी। बट उन्होंने एंड मोमेंट्स पर अपने पता है क्या बोला कि अगर मैं यह सारा पैसा दे दूं यह सारा का सारा वर्थ नेटवर्थ जो मेरी है मैं दे दूं मैं कभी हेल्थ नहीं खरीद पाऊंगा मुझे रिग्रेट है कि मैं अपनी हेल्थ पे काम नहीं कर पाया तो भाई जब आप बीमार होते हो तो आपको रियलाइज होता है कि कितनी जरूरी थी हेल्थ लेकिन जब आप हेल्दी होते हो तो आप बिल्कुल भी ध्यान नहीं देते हो दीज़ प्रोडक्ट्स विल चेंज योर फैमिली लाइफ एंड योर लाइफ आल्सो मैंने खुद अपनी हेल्थ को बहुत बेटर करा है अपनी पर्सनालिटी को बेटर करा है।
1:00:41 अपने लुक्स को बेटर करा है। बिकॉज़ आई एम एबल टू यूज़ एक्सपेंसिव प्रोडक्ट्स, वर्ल्ड क्लास प्रोडक्ट्स। राइट? तो, आप यह कह सकते हो एक एग्जांपल देता हूं मैं आपको फ्रेंचाइजी मॉडल आपने सुना होगा। मान लेते हैं आप एडडास के शोरूम में बैठे हो तो आप NKI के शूज तो नहीं पहनोगे ना? राइट? आप एडस के शूज ही पहनोगे। तो जिस कंपनी के थ्रू आप लाखों रुपए कमाना चाहते हो, हजारों रुपए कमाना चाहते हो। बट अगर आप अपनी कंपनी चेंज करने के लिए रेडी नहीं हो तो भाई बड़ी बेकार बात है। तो टेंशन ना लो। मैं ये नहीं कह रहा आप जाके चलो प्रोडक्ट्स परचेस करो। नहीं भाई डोंट वरी अबाउट इट। वी विल टेल यू हाउ टू स्टार्ट द बिज़नेस। आई एम जस्ट क्लेरिफाइंग जिससे आपको कोई डाउट ना रह जाए। तो प्रोडक्ट तो सेल होगा बट हमारे पास ऐसी टेक्निक्स हैं। कूल वे में एक अच्छे वे में आप ये सारी चीजें कर रहे होंगे। आपको किसी को कन्विंस नहीं करना होगा। किसी को जाके प्रोडक्ट के बारे में जबरदस्ती नहीं बताना होगा।
1:01:26 ऑटोमेटेड वे में डिजिटल वे में यह पूरा बिज़नेस चलता है। और आप जितना सोच रहे हो ना उससे 10 गुना 100 गुना ज्यादा आप टर्नओवर कर लोगे। मैं अभी तक पता नहीं करोड़ों का टर्नओवर दे चुका हूं कंपनी को। एक बार में कैलकुलेट कर रहा था। 5 से ₹6 करोड़ का टर्नओवर मैं कर चुकाऊंगा कंपनी के लिए। बट आज तक मैंने एक भी प्रोडक्ट किसी को जाके बेचा नहीं है कि भाई ये प्रोडक्ट बहुत अच्छा है। मुझसे खरीद लो। तो अब आपका डाउट क्लियर हो जाना चाहिए। बाकी आगे आगे आगे चलते हैं। बाकी आगे चलते हैं। पीपीटी शेयर करता हूं मैं वापस से। ऑलराइट। सो वी वर ऑन मार्केटिंग प्लान। आगे चलते हैं। बहुत सारे ना लेवल्स होते हैं कंपनी के। बहुत सारे इंसेंटिव्स होते हैं। वो जरूर सुन लो। बहुत सारी चीजें क्लियर हो जाएंगी आपको। पहला लेवल होता है जैसे ही आप हमारे सिस्टम का पार्ट बनते हो, आप एक फॉरएवर का फॉर्म फिल करोगे, आप फॉरएवर का पार्ट बन जाओगे और हर एक
1:02:13 प्रोडक्ट पे आपको 5% डिस्काउंट देने लग जाएगी कंपनी। अभी तक कंपनी के हिसाब से कोई आप बिज़नेस करने नहीं आए हो, आप सिर्फ एक प्रोडक्ट परचेसर हो। राइट? अभी के हिसाब से स्टार्ट तो सब ऐसे ही करते हैं। उसके बाद जैसे ही आप 2 सीc का टर्नओवर कर लेते हो जो कि हम आपको बताएंगे नेक्स्ट सेशन में डोंट वरी। मैंने क्या बोला था? थोड़ा सा पेशेंस सब हो जाएगा क्लियर। अगर इतने हजारों लोग कर सकते हैं। मैं कर सकता हूं तो आप भी कर सकते हो कोई बहुत बड़ी बात नहीं है। टेंशन नहीं लेने की जरूरत। जो पहला लेवल है जैसे ही आप 2 सीc का टर्नओवर कर लोगे उसके बाद आप बनोगे असिस्टेंट सुपरवाइजर। असिस्टेंट सुपरवाइजर के जैसे ही लेवल आप पहुंच जाते हो तो आपका इनकम पोटेंशियल होता है 20 से 400। यहां पे कुछ परसेंटेजेस लिखी हैं। अगर आपके थ्रू कोई और पर्सन जैसे आप अपनी टीम क्रिएट करोगे। बिज़नेस तो अकेला करा नहीं जा सकता। आपके थ्रू कोई और पर्सन इस बिज़नेस को स्टार्ट करता है। वो भी अपनी टू
1:02:58 सीसी कंप्लीट करेगा। वो ₹400 का टर्नओवर कंपनी को देगा। तो कंपनी आपको डायरेक्टली 25% बोनस देगी। उसमें से सोचो 25% बोनस मोटा-मोटा वो आप मान लो ₹7500 होता है। ₹7500 आप सिर्फ एक पर्सन के टर्नओवर से कमा लोगे और आपको कंपनी पर्सनली अगर आप खुद भी कोई परचेस करते हो प्रोडक्ट तो 30% डिस्काउंट देती है। यह अभी डाटा है। आई नो थोड़ा लिखते जाओ। एक बार में समझ नहीं आता। सब समझ आ जाएगा। थोड़ा सा पेशेंस रखो। फिर नेक्स्ट लेवल है कंपनी का सुपरवाइजर लेवल। यह होता है 10 सीसी कंप्लीट करके टीम के साथ। ये आपको अकेले नहीं करना। आपकी धीरे-धीरे टीम बनेगी। की टीम के थ्रू टर्नओवर आपका होगा। टीम के साथ मिलके आपने 10 सीसी कर दी 2 महीने के अंदर वो जो एएस लेवल भी है यह भी विद इन 2 मंथ्स आपको 2 सीसी का टर्नओवर करना होता है। ठीक है? सुपरवाइजर भी अगर आपने 2 मंथ्स के अंदर कर लिया क्सक्यूटिव 2 मंथ्स
1:03:44 के अंदर तो आपका लेवल अप हो जाएगा। अब आपका इनकम पोटेंशियल थोड़ा बढ़ चुका होगा। 40 से ₹0000 हो जाएगा आपका इनकम पोटेंशियल और आपको अब पर एक पर्सन की 2 सीc की टर्नओवर पे और ज्यादा पैसा आने लगेगा। पहले आपको 25% आ रहा था। अब आपको 38% आने लगा है। तो आपको ₹7500 की बजाय ₹9,000 के अराउंड आने लगा है। और एक चीज देखो यहां पर आपको एक चीज दिख रही होगी। अ यहां पे
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